अमरावती में पशुधन विकास अधिकारियों के 110 पद रिक्त, कब होगी भर्ती?
विधायक संजय खोडके का सवाल

* आकृतिबंध में पुनर्गठन करने की मांग
मुंबई/ अमरावती/दि.6- राज्य विधानमंडल के बजट सत्र के दौरान विधान परिषद में अमरावती जिले में पशुधन विकास अधिकारियों के रिक्त पदों का मुद्दा उठाया गया. विधायक संजय खोडके ने प्रश्नकाल के दौरान सरकार से पूछा कि जिले में बड़ी संख्या में खाली पड़े पशुधन विकास अधिकारी के पद कब भरे जाएंगे.
इस पर राज्य की पशुसंवर्धन मंत्री पंकजा मुंडे ने सदन में जवाब देते हुए बताया कि महाराष्ट्र लोकसेवा आयोग (एमपीएससी) के माध्यम से पशुसंवर्धन विभाग में 2,795 पदों पर जल्द ही महाभर्ती की जाएगी. विधायक संजय खोडके ने बताया कि अमरावती जिले में पुनर्रचना के अनुसार पशुधन विकास अधिकारियों के 158 पद स्वीकृत हैं, लेकिन इनमें से केवल 48 पद ही भरे हुए हैं, जबकि 110 पद खाली पड़े हैं. उन्होंने कहा कि अकेले अचलपुर तहसील में ही पशुधन विकास अधिकारियों के 20 से 22 पद रिक्त हैं. इसके अलावा विभाग में सहायक आयुक्त के 31 स्वीकृत पदों में से 16 पद भरे हुए हैं, जबकि 15 पद अभी भी खाली हैं.
खोडके ने यह भी कहा कि सरकार ने महाराष्ट्र पशुसंवर्धन सेवा के अंतर्गत 2,795 पदों की भर्ती की घोषणा की है, वहीं 308 सहायक आयुक्त (ग्रुप-ए) पदों के लिए भी भर्ती प्रक्रिया शुरू की गई है. लेकिन पूरी भर्ती प्रक्रिया पूरी होने में करीब एक वर्ष का समय लग सकता है. उन्होंने सरकार से मांग की कि जब तक भर्ती प्रक्रिया पूरी नहीं होती, तब तक जिन जिलों में पशुधन विकास अधिकारियों के पद अधिक हैं और कुछ जिलों में कम हैं, वहां फेररचना कर अमरावती जैसे जिलों में पदों की पूर्ति की जाए. इस पर मंत्री पंकजा मुंडे ने बताया कि वर्ष 2024 में पशुधन विकास अधिकारियों के पदों का नया आकृतिबंध तैयार किया गया है, जिसमें कुछ संवर्गों में पदों की संख्या बढ़ाई गई है. एमपीएससी के माध्यम से 25 अप्रैल 2025 को पशुधन विकास अधिकारी (ग्रुप-ए) पदों के लिए विज्ञापन जारी किया गया, जबकि 12 अगस्त 2025 को 308 सहायक आयुक्त पदों के लिए भी विज्ञापन प्रकाशित किया गया.
उन्होंने कहा कि परीक्षा के लिए प्रश्नपत्र तैयार करने हेतु प्रोफेसरों का चयन करने की प्रक्रिया के कारण कुछ समय लगा, लेकिन अब यह प्रक्रिया पूरी कर ली गई है. उम्मीद है कि आगामी सत्र तक भर्ती प्रक्रिया में काफी प्रगति होगी. मंत्री ने यह भी स्पष्ट किया कि पशु पर्यवेक्षक के पद जिला परिषद द्वारा भरे जाने हैं, इस संबंध में सामान्य प्रशासन विभाग के साथ चर्चा भी की जा चुकी है.





