डॉ राजेंद्र गोडे मेडिकल कॉलेज के पदव्युतर अभ्यासक्रम को मान्यता
विदर्भ के वैद्यकीय शिक्षण व स्वास्थ्य सेवा को मिलेंगी नई दिशा

अमरावती /दि.11 – स्थानीय मार्डी रोड पर स्थित इंदीरा बहुउद्देशीय शिक्षण संस्था द्वारा संचालित डॉ. राजेंद्र गोडे मेडिकल कॉलेज व हॉस्पीटल को वैद्यकीय शिक्षा क्षेत्र में एक महत्चपूर्ण सफलता प्राप्त हुई हैं. डॉ. राजेंद्र गोडे शैक्षणिक परिसर अध्यक्ष योगेंद्र गोडे व सचिव तन्वी गोडे के मार्गदर्शन में महाविद्यालय के विविध पदव्युतर वैद्यकीय अभ्यासक्रमों को राष्ट्रीय वैद्यकीय आयोग (एनएमसी) की अधिकृत मान्यता प्राप्त हुई हैं. जिसमें जनरल मेडिसिन, सर्जरी, रेडियोलॉजी, गायनेकोलॉजी÷पीडियाट्रीक, आर्थोपॅडिक, स्किन, ईएनटी अदि विषयो का समावेश हैे. इसमें विशेष यह है की शेैक्षणिक सत्र 2026 से विद्यार्थी इसका लाभ ले सकेगें
महाविद्यालय को यह मान्यता मिलने पर यहा शिक्षा ले रहें. विद्यर्थियोे को उच्च दर्जे की पदव्युतर शिक्षा उपलब्ध होगी. और परिसर कीे रूग्ण सेवा अधिक सक्षम व तज्ञ सेवा मिलने में मदद होगी. अनुभवी प्रध्यापक, अत्याधुनिक सुविधा सुसज्ज अस्पताल व गुणवत्तापूर्ण शिक्षा व्यवस्था महिाविद्यालय का वैशिष्ट हैं. डॉ. राजेंद्र गोडे वैद्यकीय महाविद्यालय व हॉस्पीटल में जरूरतमंद मरीजों को नि:शुल्क अथवा योग्य दरो में उच्च स्तरीय सेवा दी जाती हैं. माहात्मा ज्योतिबा फुले योजना, मुख्यमंत्री सहायता नीधि अंतर्गत उपचार, मुफ्त एंजियोग्राफी, मुफ्त एंजियोप्लास्टी, मुफ्त डायलिसीस, डीबीसीएस अंतर्गत नि:शुल्क मोतीबिंदू शल्यक्रिया की सुविधा उपलब्ध हैं.
उसी प्रकार गरोदर महिलाओं की प्रसुती भी उषाताई मातृदीपक योजना अंतर्गत बिलकुल मुफ्त कि जाती हैं. जन्म देने वाले बच्चे तथा जन्म देनेवाली मा को तीन वर्षो तक मुफ्त स्वास्थ्स सेवा देने का भी संकल्प संचानक मंडल ने लिया हैं. जरूरतमंदो को नि:शुल्क स्वास्थ्य सेवा उच्च स्वास्थ्य सेवा देने वाले डॉ. राजेंद्र गोडे वेैद्यकीय महाविद्यालय में पदव्युतर अभ्यासक्रम शुरू होना यह यहा दी जाने वाली रूग्ण सेवा की पावती हैं. इस ऐतिहासिक सफलता पर डॉ. राजेंद्र गोडे शैक्षणिक परिसर के अध्यक्ष योगेंद्र गोडे व सचिव तन्वी गोडे ने महाविद्यालय के व्यवस्थापन, अधिष्टधाता, प्राध्यापक, वैद्यकीय अधिकारी, परिचारिका तथा सभी कर्मचारियों का अभिनंद किया. और महाविद्यालय को पदव्युतर अभ्यासक्रम की मान्यता मिलने पर विदर्भ के वैद्यकीय शिक्षण व स्वास्थ्य क्षेत्रोे को नई दिशा मिलेंगी ऐसा विश्वास भी व्यक्त किया.





