गर्भवती माताओं को मिला गर्भसंस्कार

आरोग्यम मल्टीस्पेशलिटी हॉस्पिटल में मार्गदर्शन कार्यक्रम

अमरावती/दि.24 -छत्रपति शिवाजी महाराज ने यवनों और मुगलों की गुलामी को समाप्त कर हिंदवी स्वराज्य की स्थापना की, परंतु उनके व्यक्तित्व के संस्कार उन्हें माँ जिजाऊ के गर्भकाल में ही प्राप्त हुए थे. माँ जिजाऊ ने गर्भावस्था के दौरान अपने पुत्र को पराक्रमी, न्यायप्रिय और राष्ट्रभक्त बनाने का संकल्प लिया था. इसी दृढ़ संकल्प का परिणाम था शिवाजी महाराज का जन्म और हिंदवी स्वराज्य की स्थापना. यदि गर्भावस्था में महिलाएं सकारात्मक विचार, अच्छे संस्कार, पौष्टिक आहार तथा आनंदी और संतुलित जीवनशैली अपनाएं, तो माता और शिशु दोनों स्वस्थ रह सकते हैं ऐसा संस्कार गर्भवती माताओं को दिया गया.
अमरावती-बडनेरा मार्ग के सातुर्णा क्षेत्र में नवस्थापित आरोग्यम मल्टीस्पेशलिटी हॉस्पिटल स्वास्थ्य सेवा के क्षेत्र में निरंतर कार्यरत है. विज्ञान और परंपरा के सुंदर संगम के रूप में गर्भवती माताओं के लिए रविवार को सुबह 10:30 बजे से दोपहर 1 बजे तक निःशुल्क गर्भसंस्कार कार्यक्रम का आयोजन किया गया. कार्यक्रम की अध्यक्षता स्त्री रोग एवं प्रसूति विशेषज्ञ डॉ. उर्वशी हातगावकर ने की, जबकि गर्भसंस्कार विशेषज्ञ डॉ. वैष्णवी मेहश्रे ने गर्भवती माताओं को मार्गदर्शन दिया. साथ ही फिजियोथेरेपिस्ट डॉ. शिखा चावला और पोषण विशेषज्ञ डॉ. ऋतुजा शिंगरूप ने व्यायाम एवं संतुलित आहार के संबंध में महत्वपूर्ण जानकारी दी. डॉ. उर्वशी हातगावकर ने गर्भावस्था के दौरान आवश्यक सावधानियों पर प्रकाश डाला. कार्यक्रम में बड़ी संख्या में गर्भवती महिलाएं एवं उनके परिवारजन उपस्थित थे.

 

Back to top button