तेंदुए ने किया दो बछडों का शिकार
टेंभूरखेडा खेत परिसर की घटना

वरुड /दि.23 – दो दिन पहले टेंभूरखेडा गांव के पास स्थित शेड में बंधी तीन बकरियों का तेंदुए द्वारा शिकार किए जाने के बाद अब उसी परिसर में तेंदुए ने दो बछडों को निशाना बनाते हुए उनका शिकार किया है. जिसके चलते क्षेत्र के किसानों एवं पशुपालकों में जबरदस्त डर वाला वातावरण निर्माण हुआ है तथा किसानों व ग्रामिणों द्वारा वन विभाग से तेंदुए का बंदोबस्त करने के संदर्भ में मांग की जा रही है.
विस्तृत जानकारी के मुताबिक टेंभूरखेडा गांव निवासी सुरेश कानडे का सतपुडा पर्वत की तलहटी में स्थित टेंभूरखेडा खेत परिसर में खेत है. जहां पर जानवरों को बांधकर रखने हेतु तबेला भी बनाया गया है. दो दिन पहले ही इस तबेले में बंधी तीन बकरियों का तेंदुए द्वारा शिकार किया गया था. यह घटना ताजी रहने के दौरान ही उसी परिसर में स्थित प्रभाकर भीमराव घोडके के खेत में स्थित तबेले में बंधे दो बछडों का तेंदुए द्वारा शिकार किया गया. इसमें से एक बछडा तो मौके पर ही मृत पाया गया. वहीं दूसरे बछडे को तेंदुआ अपने साथ लेकर गया. जिसे खोजकर निकालने की जिम्मेदारी अब वन विभाग पर है. गत रोज सुबह खेत मालिक प्रभाकर घोडके अपने दोस्त डॉ. शशीभूषण उमेकर के साथ जब अपने खेत में पहुंचे, तो उन्हें पूरा माजरा समझ में आया. जिसके बाद उन्होंने इसकी जानकारी गांववासियों को दी. पश्चात कुछ किसानों द्वारा इस संदर्भ में वन विभाग को सूचित किया गया है और फिर वन विभाग का दल तुरंत मौके पर पहुंचा. जिसके बाद पंचनामा करते हुए इस घटना की जांच करनी शुरु की गई.





