अमरावती में ‘कूल रुफ नियमावली’ जारी

बढती उष्णता के मद्देनजर मनपा ने खोजा उपाय

* राज्य में अमरावती साबित हुआ अपनी तरह का पहला शहर
अमरावती /दि.28 – विगत कुछ वर्षों के दौरान अमरावती शहर में महसूस हो रही भीषण ग्रीष्मलहर और लगातार बढती गर्मी के असर को कम करने हेतु अमरावती महानगर पालिका ने एक बेहद महत्वपूर्ण कदम उठाया है. जिसके तहत निर्माण संबंधी नियमावली में सीधे उष्णता निवारण उपायों का समावेश कर अमरावती महानगर पालिका ने ‘कूल रुफ नियमावली-2025’ को लागू किया है. इस तरह की नियमावली को लागू करनेवाली अमरावती महानगर पालिका राज्य में पहली महानगर पालिका साबित हुई है.
बता दें कि, सन 2024 में रिपोट सेंसिंग तकनीक पर आधारित जमीन के पृष्ठभाग के तापमान (एलएसटी) का सर्वेक्षण किया गया था. जिसके जरिए पता चला था कि, घनी रिहायशी बस्तियों में तापमान 53.7 डिग्री सेल्सीअस के उच्च स्तर तक दर्ज हो रहा है. साथ ही धातू के छप्पर रहनेवाली इमारतों में तापमान हमेशा ही 47 डिग्री सेल्सीअस के आसपास रहता है. इसी बात को ध्यान में रखते हुए अमरावती महानगर पालिका ने सन 2025 में ‘कूल रुफ नियमावली’ को अधिसूचित करने का निर्णय लिया था. जिसके लिए मनपा आयुक्त सौम्या शर्मा-चांडक ने ही पहल की थी. राज्य सरकार के 150 दिनों वाले विशेष प्रशासकीय कार्यक्रम के अंतर्गत इस उपक्रम की संकल्पना को रखा गया था. यह पहल ‘माझी वसुंधरा’ अभियान एवं ‘राष्ट्रीय शाश्वत शितकरण’ प्रयासों से पूरी तरह सुसंगत रहा.
उल्लेखनीय है कि, शहर में लगाकर बढते सीमेंटीकरण, इमारतों का घनत्व तथा तेजी से होनेवाले नागरिकरण के चलते कई प्रभागों में ‘उष्ण क्षेत्र’ तैयार हो गए है. जिसका सीधा परिणाम केवल बढते तापमान पर ही नहीं, बल्कि बिजली की मांग एवं सार्वजनिक स्वास्थ्य पर भी हो रहा है. इस बात को ध्यान में रखते हुए मनपा आयुक्त सौम्या शर्मा चांडक ने नई नियमावली के अनुसार नए निर्माण कार्यो में ‘कूल रुफ’ की शर्त को पूरी तरह से अनिवार्य कर दिया है. जिसके तहत सभी नई सरकारी, व्यवसायिक व सार्वजनिक इमारतों सहित 500 चौरस मीटर से अधिक क्षेत्रफल रहनेवाली और 15 मीटर से अधिक उंचाई रहनेवाली इमारतों के लिए अब यह नियम लागू रहेगा. इमारत के नक्शे की मंजूरी के समय ही इन प्रावधानों का समावेश करना अनिवार्य है और भोगवटा प्रमाणपत्र (ओसी) देने से पहले प्रत्यक्ष मुआयना कर इसकी पडताल की जाएगी. साथ ही साथ महानगर पालिका की सभी निर्माण संबंधी निविदाओं में भी ‘कूल रुफ डिजाइन’ को अनिवार्य किया गया है.

* संपत्ति कर में छूट व प्रोत्साहन
नागरिकों को इस मुहिम में सहभागी करने हेतु महानगर पालिका ने कई आकर्षक छूट व सहुलियते भी घोषित की है. जिसके तहत निवासी व सार्वजनिक इमारतों हेतु 10 फीसद एवं व्यवसायिक इमारतों हेतु 5 फीसद की छूट संपत्ति कर में दी जाएगी. यह छूट प्रमाणपत्र मिलने के उपरांत अगले तीन वर्षों के लिए लागू रहेगी. महानगर पालिका ने स्वतंत्र डिजिटल ‘कूल रुफ पोर्टल’ भी लागू किया है और पडताल के बाद ‘क्लायमेट रेझिलियंट कूल रुफ सर्टिफिकेट’ भी दिया जाएगा.

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