चांगापुर रेल्वे अंडरपास मुद्दे पर हुई उच्चस्तरीय बैठक
सांसद बलवंत वानखडे के नेतृत्व में की गई चर्चा

* पार्षद अनिल अग्रवाल के प्रयास रंग लाए
* भुसावल डीआरएम भी अमरावती पहुंचे
* रेलवे ने दिए अंडरपास में सुधार के संकेत
अमरावती /दि.30- चांगापुर रेलवे अंडरपास को लेकर पिछले कई दिनों से जारी जनाक्रोश अब असर दिखाने लगा है. लगातार खबरों, स्थानीय नागरिकों के तीव्र विरोध और पार्षद अनिल अग्रवाल के नेतृत्व में आंदोलन की चेतावनी के बाद रेलवे प्रशासन सक्रिय हो गया है. अब इस पूरे मामले में सुधार और वैकल्पिक व्यवस्था के संकेत भी मिलने लगे हैं. इसी कड़ी में आज सांसद बलवंत वानखड़े के नेतृत्व में एक महत्वपूर्ण बैठक आयोजित हुई. बैठक में मनपा के नेता प्रतिपक्ष व पूर्व महापौर विलास इंगोले, पार्षद बबलू शेखावत तथा पार्षद अनिल अग्रवाल ने भुसावल मंडल के डीआरएम पुनित अग्रवाल से मुलाकात कर चांगापुर अंडरपास की समस्याओं पर विस्तृत चर्चा की.
इस बैठक में सांसद बलवंत वानखड़े के नेतृत्व में मनपा के नेता प्रतिपक्ष व पूर्व महापौर विलास इंगोले, पार्षद बबलू शेखावत तथा पार्षद अनिल अग्रवाल ने भुसावल मंडल के डिविजनल रेलवे मैनेजर पुनित अग्रवाल के समक्ष चांगापुर अंडरपास की तकनीकी खामियों और स्थानीय नागरिकों को हो रही गंभीर दिक्कतों को विस्तार से सामने रखा. उन्होंने बताया कि अंडरपास की डिजाइन त्रुटिपूर्ण है. संकरी व घुमावदार संरचना से दुर्घटनाओं का खतरा है. ट्रैफिक जाम और दैनिक परेशानी है.
डीआरएम पुनित अग्रवाल ने सभी की बात गंभीरता से सुनते हुए भरोसा दिलाया कि यदि अंडरपास में कोई खामियां हैं, तो उन्हें निश्चित रूप से दूर किया जाएगा. बैठक में यह भी महत्वपूर्ण बात सामने आई कि रेलवे प्रशासन दूसरे अंडरपास के निर्माण के विकल्प पर भी विचार करेगा, ताकि यातायात को सुचारू और सुरक्षित बनाया जा सके. रेलवे अधिकारियों ने तत्काल सुधार के लिए कुछ कदमों का आश्वासन दिया. अंडरपास को स्मूथ (समतल व सुगम) किया जाएगा. बारिश के पानी की निकासी हेतु स्थायी पंप लगाया जाएगा. इस बैठक के बाद यह स्पष्ट संकेत मिला है कि रेलवे प्रशासन अब इस मुद्दे को गंभीरता से लेते हुए समाधान की दिशा में आगे बढ़ रहा है.
गौरतलब है कि चांगापुर फाटे से चांगापुर नरेश हनुमान मंदिर मार्ग पर बनाए गए अंडरपास को लेकर स्थानीय नागरिक शुरू से ही नाराज हैं. संकरी व घुमावदार संरचना, तकनीकी खामियां, ट्रैफिक जाम और हादसों का खतरा, इन समस्याओं को लेकर पिछले कुछ दिनों में ‘रेल रोको’ आंदोलन तक की चेतावनी दी जा चुकी है.
बैठक में पार्षद अनिल अग्रवाल और विलास इंगोले ने अंडरपास की खामियों को विस्तार से रखते हुए बताया कि यह निर्माण भविष्य में और बड़ी समस्याओं का कारण बन सकता है.नागरिकों को हो रही दिक्कतों, दुर्घटनाओं की आशंका और हनुमान जन्मोत्सव के दौरान संभावित अव्यवस्था को भी प्रमुखता से उठाया गया. चांगापुर में उभरते जनआंदोलन, जनप्रतिनिधियों की सक्रियता और लगातार उठते सवालों के चलते अब रेलवे प्रशासन पर समाधान निकालने का दबाव स्पष्ट नजर आ रहा है.
कुल मिलाकर, चांगापुर अंडरपास का मुद्दा अब निर्णायक मोड़ पर पहुंच गया है, जहां प्रशासनिक स्तर पर पहल शुरू हो चुकी है और आने वाले दिनों में ठोस निर्णय की उम्मीद जताई जा रही है.
* रेलवे क्रोसिंग दोबारा नहीं खुलेंगी, सुरक्षा के होंगे पूरे इंतजाम
इस बैठक के दौरान पार्षद अनिल अग्रवाल सहित मनपा के नेता प्रतिपक्ष विलास इंगोले ने डीआरएम अग्रवाल के सामने यह मुद्दा भी उपस्थित किया कि आगामी 2 अप्रैल को हनुमान जन्मोत्सव पर्व निमित्त चांगापुर परिसर में 5 से 7 लाख भाविक श्रद्धालु उमडेंगे और हजारो वाहनों की आवाजाही होगी. उस वक्त रेलवे अंडरपास काफी अपर्याप्त साबित होगा. जिसकी वजह से ट्रैफिक जाम व सडक हादसे वाली स्थिति बनेंगी. इसे ध्यान में रखते हुए रेलवे क्रोसिंग को एक बार फिर खोल दिया जाना चाहिए. जिस पर अपनी असमर्थता जताते हुए डीआरएम अग्रवाल ने कहा कि एक बार बंद की गई रेलवे क्रोसिंग को दुबारा खोलना किसी भी लिहाज से संभव नहीं है. लेकिन रेलवे अंडरपास में सुधार करने के साथ ही सुरक्षा के लिए आवश्यक इंतजाम करने की ओर पूरा ध्यान दिया जाएंगा. साथ ही हनुमान जन्मोत्सव पर चांगापुर परिसर यातायात को सुचारू रखने के संदर्भ में वें खुद अमरावती के पुलिस आयुक्त राकेश ओला से बात करेंगे.

* सांसद डॉ. बोंडे के निवास पर भी पहुंचे डीआरएम अग्रवाल
अमरावती रेलवे स्टेशन पर जिले के सांसद बलवंत वानखडे के साथ बैठक व चर्चा करने के उपरांत डीआरएम पीयूष अग्रवाल भाजपा नेता व राज्यसभा सांसद डॉ. अनिल बोंडे से मिलने हेतु उनके निवासस्थान पर पहुंचे. इस समय सांसद डॉ. बोंडे ने डीआरएम अग्रवाल को बताया कि, उन्होंने खुद विगत दिनों चांगापुर परिसर स्थित रेलवे अंडरपास का मुआयना किया था, क्योंकि उनके पास चांगापुर परिसरवासियों की ओर से बडे पैमाने पर रेलवे अंडरपास को लेकर शिकायते प्राप्त हो रही थी. उन्होंने उस रेलवे अंडरपास का मुआयना करते हुए पाया कि, उक्त रेलवे अंडरपास का निर्माण बिल्कुल गलत तरीके से हुआ है. जिसके चलते उक्त रेलवे अंडरपास में आए दिन ट्रैफिक जाम व सडक हादसे घटित होने की संभावना बनी रहेगी. अत: उक्त रेलवे अंडरपास में तांत्रिक सुधार करते हुए रेलवे पटरी के दूसरी तरफ एक और रेलवे अंडरपास का निर्माण किया जाए, ताकि दोनों ओर के वाहनों की आवाजाही में किसी भी तरह की कोई तकलीफ न हो. इस समय डीआरएम पीयूष अग्रवाल ने अपनी ओर से हरसंभव प्रयास करने की बात कही.
* चांगापुर में हनुमान जन्मोत्सव पर ’टू-वे’ रहेगा यातायात
* सीपी राकेश ओला ने जारी किए निर्देश, चांगापुर का किया दौरा
* मंदिर परिसर में हनुमान जन्मोत्सव की तैयारियों का लिया जायजा
चांगापुर रेलवे अंडरपास को लेकर चल रहे विवाद और आगामी हनुमान जन्मोत्सव की पृष्ठभूमि में पुलिस प्रशासन भी सक्रिय हो गया है. इसी क्रम में पुलिस आयुक्त राकेश ओला ने चांगापुर क्षेत्र का दौरा कर व्यवस्थाओं का जायजा लिया. दौरे के दौरान पुलिस आयुक्त राकेश ओला ने चांगापुर नरेश हनुमान मंदिर परिसर तथा अंडरपास क्षेत्र का निरीक्षण किया. उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि हनुमान जन्मोत्सव के दौरान यातायात व्यवस्था सुचारू रखने के लिए विशेष योजना बनाई जाए. पुलिस आयुक्त राकेश ओला ने स्पष्ट निर्देश दिए कि वाहनों की आवाजाही को दोतरफा बनाए रखा जाए. कहीं भी ट्रैफिक जाम की स्थिति न बनने पाए.
ज्ञात रहे कि हनुमान जन्मोत्सव पर चांगापुर में लाखों श्रद्धालुओं की भीड़ उमड़ती है. इसे देखते हुए पुलिस बल की तैनाती, मार्गों का नियोजन, आपात स्थिति से निपटने की तैयारी जैसे विषयों पर भी चर्चा की गई. चांगापुर अंडरपास विवाद और संभावित यातायात दबाव को देखते हुए पुलिस प्रशासन ने समय रहते मोर्चा संभाल लिया है. ऐसे में अब यह स्पष्ट है कि हनुमान जन्मोत्सव के दौरान किसी भी प्रकार की अव्यवस्था से बचने के लिए प्रशासन पूरी तरह अलर्ट मोड में है.





