एक करोड रुपए की फिरौती के लिए व्यापारी का अपहरण कर हत्या
शव कन्नड-चालीसगांव घाट की खाई में फेंका

* पुलिस ने पांच आरोपियों को किया गिरफ्तार
अजिंठा /दि.30 -सोमवार सुबह भुसार के एक व्यापारी के अपहरण और फिरौती के तौर पर 1 करोड़ रुपये की मांग करते हुए कन्नड़-चालिसगांव घाट में फेंककर बेरहमी से हत्या करने की चौंकाने वाली घटना सामने आई. इस घटना ने सिल्लोड तहसील में सनसनी मचा दी है और पुलिस ने पांच आरोपियों को तुरंत गिरफ्तार कर लिया है. व्यापारी का नाम तुकाराम माधवराव गव्हाने (55) है. आरोपियों के नाम वैभव समाधान रंगोते (22), सचिन नारायण बंकर (25, दोनों गोलेगांव निवासी), अजिनाथ उर्फ अजय रखमाजी सपकाल (22, पालोद निवासी), विशाल साहेबराव खरात (23, पानवडोद खुर्द निवासी) और दीपक कन्हैयालाल जाधव (25, लिहाखेड़ी निवासी) हैं.
तुकाराम गव्हाने शनिवार को उंडणगांव के एक किसान से मक्का के पैसे लेने के लिए दोपहिया वाहन क्रमांक एम.एच.20-जीएफ-0443 पर गए थे. जब वे 1 लाख रुपये लेकर घर लौट रहे थे, तभी पांच आरोपियों ने उन्हें जबरन एक ब्रीजा कार में बिठाकर अगवा कर लिया. जब गव्हाने रात को घर नहीं लौटे, तो उनके बेटे ने उनसे मोबाईल पर संपर्क करने का प्रयास किया. लेकिन मोबाईल बंद आने से रिश्तेदारो ने उनकी तलाश शुरू की. उंडणगांव के कृषि केंद्र के सीसीटीवी फुटेज में देखा गया. उन्हें बस स्टैंड इलाके से गुजरते हुए देखा गया था. उनके बेटे कृष्णा ने रविवार सुबह अजंता पुलिस स्टेशन में अपने पिता के लापता होने की रिपोर्ट दर्ज कराई. इसी बीच, सुबह 10:30 बजे उनके चाचा उत्तमराव गवाने को उनके मोबाइल से एक कॉल आया. कॉल में बताया गया कि उनका अपहरण कर लिया गया है और उन्हें 1 करोड़ रुपये लेकर संभाजीनगर के बस स्टैंड इलाके में बुलाया गया है. पुलिस ने तत्काल कार्रवाई शुरू कर दी है. लेकिन आरोपियों ने घात कर दिया. फिरौती की जानकारी मिलते ही ग्रामीण पुलिस धीक्षक डॉ. विनयकुमार राठोड, अपर पुलिस अधीक्षक अन्नपूर्णा, विभागीय अधिकारी अग्निहोत्री के मार्गदर्शन में अजंता पुलिस स्टेशन के सहायक निरीक्षक अमोल ढोकणे, उपनिरीक्षक धम्मदीप काकडे, रामेश्वर इंगले, जवान कृष्णा ढाकरे, दिलीप तडवी, रविंद्र बागुलकर, विजय रोठोड, सिल्लोड ग्रामीण के सहायक निरीक्षक ढाकरे, वडोद बाजार के सहायक निरीक्षक इंगले तथा अपराध शाखा के दल ने तत्काल गतिविधि शुरू कर दी. रिश्तेदारो को पैसे लेकर संभाजीनगर जाने की बात कहकर आरोपियों ने उन्हें इधर-उधर काफी घुमाया. कुछ समय बाद उन्होंने अब पैसे नहीं चाहिए, ऐसा कहते हुए अपना मोबाईल बंद कर दिया. इस दौरान आरोपी व्यापारी गव्हाणे को सिल्लोड-पिशोर मार्ग से कन्नड-चालिसगांव घाट ले गए. रात 9 बजे लघुशंका के लिए गाडी से उतारकर सभी आरोपियों ने मिलकर उन्हें घाट की गहरी खाई में फेंक दिया. मोबाईल बंद होने के बाद पुलिस ने तकनीकी विश्लेषण के आधार पर समृद्धि महामार्ग के पास जाल बिछाकर ब्रीजा कार रोककर गिरफ्तार कर लिया.
* शव सोमवार सुबह मिला
आरोपी ने अपना जुर्म कबूल कर लिया. घटना के बाद पुलिस तुरंत मौके पर पहुंची. हालांकि, रात होने के कारण तलाशी अभियान सफल नहीं हो सका. सोमवार सुबह दोबारा तलाशी शुरू होने पर सुबह 8 बजे घाटी में उनका शव मिला. मृतक व्यापारी के चाचा उत्तमराव गवाने की शिकायत पर आरोपियों के खिलाफ विभिन्न धाराओं के तहत मामला दर्ज किया गया है.
उसे उंडांगांव स्थित कृषि केंद्र के सीसीटीवी फुटेज में देखा गया. उन्हें बस स्टैंड इलाके से गुजरते हुए देखा गया था. उनके बेटे कृष्णा ने रविवार सुबह अजंता पुलिस स्टेशन में अपने पिता के लापता होने की रिपोर्ट दर्ज कराई. इसी बीच, सुबह 10:30 बजे उनके चाचा उत्तमराव गवाने को उनके मोबाइल से एक कॉल आया. कॉल में बताया गया कि उनका अपहरण कर लिया गया है और उन्हें 1 करोड़ रुपये लेकर संभाजीनगर के बस स्टैंड इलाके में बुलाया गया है. पुलिस ने तत्काल कार्रवाई शुरू कर दी है.





