
अकोला /दि.31- दो एकड खेत की 65 लाख रुपए में विक्री का सौदा होने के बाद उसमें से प्राप्त 39 लाख 75 हजार रुपए की रकम को घर में देखकर बडे भाई की नियत बिगड गई. जिसके चलते उसने घर में रखी यह रकम अपने साले के सुपुर्द कर दी. जिसके बाद घर में चोरी हो जाने का नाटक रचते हुए चिखपुकार मचाई. लेकिन स्थानीय अपराध शाखा व बोरगांव मंजू पुलिस ने इस व्यक्ति की नौटंकी को महज 6 घंटे के भीतर ही उजागर कर दिया.
जानकारी के मुताबिक दहीगांव गावंडे निवासी शुभम गावंडे के नाम पर दो एकड खेत था और शुभम ने अपने बडे भाई वैभव गावंडे के साथ मिलकर इस खेत को 65 लाख में बेचने का सौदा किया था. जिसमें से 15 लाख रुपए इसार के लिए गए थे और बाद में 40 लाख रुपए की रकम भी प्राप्त हुई. जिसमें से 39 लाख 75 हजार रुपए की रकम वैभव गावंडे ने अपने बेडरुम में रखी थी. जिसे देखकर उसकी नीयत खराब हो गई और उसने अपने साले ज्ञानेश्वर सुर्वे (दोनद) के साथ मिलकर प्लान तैयार किया. जिसके बाद रविवार को तडके वैभव गावंडे ने अपने साले ज्ञानेश्वर धुर्वे को अपने घर के पास बुलाया और बेडरुम में रखी 39 लाख रुपए की नगद रकम से भरी हुई दोनों बैग को दीवार के दीवार से बाहर फेंक दिया. पश्चात जैसे ही ज्ञानेश्वर धुर्वे वहां से नगद रकम भरी दोनों बैंकों को लेकर भाग गया, तो वैभव गावंडे ने घर में चोरी हो जाने की बात कहते हुए चिखपुकार मचाई और कहा कि, घर में तीन चोर घुस आए थे. जिन्होंने उसे और उसके बच्चे को चाकू से मार देने की धमकी देते हुए घर में रखी 39 लाख रुपए की नगद रकम चुरा ली. पश्चात मामले को लेकर पुलिस मेें शिकायत दर्ज कराई गई. लेकिन पुलिस के सामने वैभव गावंडे का नाटक ज्यादा देर तक नहीं चल पाया और 6 घंटे के भीतर ही पुलिस ने वैभव गावंडे की पूरी नौटंकी उजागर करने के साथ ही उसके बयान के आधार पर दोनद जाकर ज्ञानेश्वर हिम्मत सुर्वे (25) को 39 लाख 69 हजार रुपए की नगद रकम सहित अपनी हिरासत में लिया.