
* राज्य माध्यमिक शिक्षा मंडल का आवाहन
अमरावती/दि.4– महाराष्ट्र राज्य माध्यमिक शिक्षा मंडल की तरफ से ली गई 10वीं की परीक्षा का हॉलटिकट विद्यार्थियों को सोमवार से दोपहर 3 बजे शाला के लॉगइन में उपलब्ध कर दिया जाने वाला है. ऑनलाइन प्रिंट देते समय विद्यार्थियों से शुल्क न लेने का आवाहन महाराष्ट्र शिक्षक माध्यमिक मंडल व्दारा किया गया है.
माध्यमिक और उच्च माध्मिक शिक्षण मंडल की तरफ से ली जाने वाली 10वीं की लिखित परीक्षा 2 मार्च से शुरु हो रही है. इसके पूर्व 20 फरवरी से प्रात्याक्षिक परीक्षा (प्रैक्टिकल) की शुरुआत हो रही है. इस परीक्षा के लिए आवश्यक हॉलटिकट का वितरण विद्यार्थियों को शाला व्दारा किया जाना है तथा 6 फरवरी को शाला के लॉगइन में डॉउनलोड करते आ सकता है. अधिक जानकारी के लिए विद्यार्थी, शिक्षक और पालक ुुु.ारहरहीीललेरीव.ळप वेबसाइट पर देख सकते है ऐसा आवाहन किया गया है. हॉलटिकट की ऑनलाइन प्रिंट देते समय शालाओं को किसी भी तरह का शुल्क विद्यार्थियों से न लेने, प्रिंट पर मुख्याध्यापकों के हस्ताक्षर और मुहर लगे रहने, हॉलटिकट में विषय व माध्यम में बदलाव रहा तो उसकी दुरुस्ती माध्यमिक शालाओं व्दारा विभागीय मंडल में जाकर कर लेना है. हॉलटिकट गुम होने पर तथा फोटो, हस्ताक्षर, विद्यार्थियों के नाम, जन्मतिथि और जन्मस्थल के संदर्भ की दुरुस्ती माध्यमिक शालाओं को अपने स्तर पर कर उसकी एक प्रति विभागीय मंडल के पास तत्काल भेजने की सूचना शिक्षा मंडल ने दी है. इसके अलावा हॉलटिकट गुम होने पर संबंधित माध्यमिक शाला व्दारा दुबारा प्रिंट निकालकर उस पर लाल स्याही से द्बितीय प्रत लिखकर विद्यार्थी को प्रवेश पत्र देना होगा. फोटो सदोष रहने पर उस पर विद्यार्थी का फोटो चिपकाकर उस पर संबंधित मुख्याध्यापक व्दारा हस्ताक्षर करने की सूचना भी राज्यमंडल की सचिव अनुराधा ओक ने दी है.
* 10वीं व 12वीं की परीक्षा की तैयारी पूर्ण
राज्य शिक्षा मंडल की तरफ से 10वीं व 12वीं की परीक्षा की तिथि घोषित हुई है. विभागीय मंडल ने परीक्षा की अधिकांश तैयारी पूर्ण कर ली है. कोरोना के 2 साल के बाद विद्यार्थियों की परीक्षा शिक्षण मंडल की तरफ से दी जाने वाली अन्य शाला, कनिष्ठ महाविद्यालय के परीक्षा केंद्र पर होने वाली है. पूर्ण अभ्यासक्रम पर यह परीक्षा रहने वाली है इस कारण इस बार परीक्षा में विद्यार्थियों को काफी ध्यान देना पडेगा. इसके लिए विद्यार्थियों को भी जोरशोर से तैयारी करने की सलाह शिक्षक व पालकों की तरफ से दी जा रही है. विभागीय शिक्षण मंडल ने परीक्षा के लिए केंद्र निश्चित किए है. अधिकांश केंद्रों में उत्तर पत्रिका का वितरण भी किया गया है. कोरोना काल में पहले वर्ष ही विद्यार्थियों की परीक्षा नहीं हुई है. अंर्तगत मूल्यमापन के आधार पर विद्यार्थियों को उत्तीर्ण किया गया.
* पिछले वर्ष अच्छे नतीजे रहे
कोरोनाकाल में 10वीं व 12वीं में उत्तीर्ण होने वाले विद्यार्थियों की संख्या 90 प्रतिशत थी. इस कारण परीक्षा प्रणाली पर आपत्ती ली गई थी. पिछले वर्ष गृहमहाविद्यालय परीक्षा केंद्र दिए गए. परीक्षा के लिए 75 प्रतिशत अभ्यासक्रम दिया गया. इस कारण परीक्षा का भय नहीं था, इसी का परिणाम विद्यार्थियों के नतीजों पर दिखाई दिया. लेकिन इस बार शिक्षा मंडल की तरफ से विद्यार्थियों को दिए गए केंद्रों पर जाकर परीक्षा देनी पडेगी. इस वर्ष की परीक्षा शत प्रतिशत अभ्यासक्रम पर होने वाली है. इस कारण परीक्षा में विद्यार्थियों पर कसौटी पर खरा उतरना पडेगा.