अमरावती स्नातक सीट पर कम हुए साढे 24 हजार मतदाता
अन्य चारों सीटों पर बढी मतदाताओं की संख्या

* विधान परिषद चुनाव के लिए अंतिम मतदाता सूची हुई मुक्कमल
मुंबई/ दि.3 – आगामी 30 जनवरी को राज्य की विधान परिषद हेतु स्नातक निर्वाचन क्षेत्र की दो व शिक्षक निर्वाचन क्षेत्र की तीन ऐसी पांच सीटों के लिए मतदान होना है. जिसके तहत स्नातक निर्वाचन क्षेत्र से अमरावती व नाशिक तथा शिक्षक निर्वाचन क्षेत्र से नागपुर, औरंगाबाद व कोंकण संभाग में चुनाव करवाया जाएगा. प्रत्येक छह वर्ष के अंतराल पर होने वाले इस चुनाव के लिए हर बार नए सिरे से मतदाताओं का पंजीयन करते हुए मतदाता सूची तैयार की जाती है. इससे पहले इन सभी सीटों पर वर्ष 2017 में चुनाव करवाये गए थे. ऐसे में पिछली बार की तुलना में इस बार की मतदाता सूची को देखने पर कहा जा सकता है कि, जहां एक ओर स्नातक निर्वाचन क्षेत्र के चुनाव हेतु मतदाताओं की संख्या घट गई है. वहीं शिक्षक निर्वाचन क्षेत्र में मतदाताओं की संख्या बढी है. इसमें भी यह विशेष उल्लेखनीय है कि, अकेले अमरावती स्नातक निर्वाचन क्षेत्र में ही पिछली बार की तुलना में करीब साढे 24 हजार स्नातक मतदाता घट गए है. यानी इस बार स्नातकों ने मतदाता बनने में कोई विशेष रुचि नहीं दिखाई है. जबकि प्रति वर्ष स्नातकों की संख्या बढ रही है. वहीं अन्य चारों निर्वाचन क्षेत्रों में पिछली बार की तुलना में मतदाताओं की संख्या बढी हैं.
जानकारी के मुताबिक इस बार विधान परिषद की अमरावती स्नातक सीट पर 1 लाख 85 हजार 925 मतदाता पंजीकृत हुए है. जबकि वर्ष 2017 में इसी सीट पर 2 लाख 10 हजार 511 मतदाता थे. यानी पिछली बार की तुलना में इस बार अमरावती सीट पर 24 लाख 586 मतदाता घट गए हैं. वहीं दूसरी ओर नाशिक विभाग स्नातक सीट पर वर्ष 2017 में 2 लाख 56 हजार 472 मतदाता पंजीकृत थे. जिनकी संख्या बढकर 2 लाख 58 हजार 351 हो गई हैं. यानी इस सीट पर 1 हजार 879 मतदाता बढे हैं. इसका अलावा नागपुर शिक्षक निर्वाचन क्षेत्र में पिछली बार 35 हजार 9 मतदाता थे, जिनकी संख्या इस बार 39 हजार 406 है, यानी नागपुर सीट पर 4 हजार 397 शिक्षक मतदाता बढ गए हैं. साथ ही औरंगाबाद विभाग शिक्षक सीट पर इस बार 61 हजार 529 मतदाता पंजीकृत हुए हैैं. जिनकी संख्या सन 2017 में 58 हजार 414 थी. यानी औरंगाबाद में इस बार 3 हजार 119 मतदाता बढे हैं. इसी तरह कोंकण शिक्षण निर्वाचन क्षेत्र में वर्ष 2017 के चुनाव हेतु 37 हजार 604 वोटर थे. जबकि इस बार 37 हजार 792 वोटर बने हैं, यानी यहां पर 188 वोटर बढे हैं. ऐसे में कहा जा सकता है कि, विधान परिषद की पांच सीटों हेतु होने जा रहे चुनाव के लिए केवल अमरावती स्नातक निर्वाचन क्षेत्र में ही स्नातक मतदाताओं की संख्या घटी है. वहीं अन्य चारों निर्वाचन क्षेत्रों में पिछली बार की तुलना में इस बार मतदाता बढे है.
30 जनवरी को होगा मतदान
बता दे कि, विधान परिषद के तीन शिक्षक व दो स्नातक निर्वाचन क्षेत्रों ऐसे कुल पांच सीटों पर आगामी 30 जनवरी को मतदान होगा. इस चुनाव में मतदाता के तौर पर पंजीकृत शिक्षकों व स्नातकों व्दारा अपने मताधिकार का इस्तेमाल किया जाएगा. इस चुनाव हेतु भारत निर्वाचन आयोग ने विगत 1 अक्तूबर से मतदाता पंजीयन शुरु किया था. स्नातक मतदाता के तौर पर पंजीकृत होेने के लिए 1 नवंबर 2022 तक किसी भी संकाय में डिग्री प्राप्त करने वाले नागरिक पात्र थे. जबकि शिक्षक मतदाता के तौर पर पंजीकृत होने के लिए 1 नवंबर 2022 तक विगत छह वर्षों के दौरान कम से कम तीन साल तक माध्यमिक शाला में पढाने वाले शिक्षक पात्र थे. विशेष उल्लेखनीय है कि, मतदान पंजीयन प्रक्रिया को नामांकन प्रक्रिया तक शुरु रखने का निर्णय लिया गया है. ऐसे में सभी सीटों की मतदाता सूची में थोडी बहुत बढत दिखाई दे सकती है, लेकिन अमरावती स्नातक निर्वाचन क्षेत्र में रहने वाले भारी भरकम फर्क को दूर करना अब काफी हद तक मुश्किल दिखाई दे रहा है.
मतदाता संख्या की तुलनात्मक स्थिति
निर्वाचन क्षेत्र वर्ष 2017 वर्ष 2023 घटे/बढे
अमरावती स्नातक 2,10,511 1,85,925 24,586 घटे
नाशिक स्नातक 2,56,472 2,58,351 1,879 बढे
नागपुर शिक्षक 35,009 39,406 4,397 बढे
औरंगाबाद शिक्षक 58,410 61,529 3,119 बढे
कोंकण शिक्षक 37,604 37,792 188 बढे