अमरावती नचिकेत मख को आचार्य पदवी
अमेरिका के नॉर्थ कैरोलिना विवि द्वारा प्रदान

* एनएसएफ की फेलोशिप से किया शोध
अमरावती/दि.17-कैम्प निवासी प्रा. डॉ. संजय मख और विद्याभारती कॉलेज की प्राचार्य डॉ. प्रज्ञा मख के सुपुत्र नचिकेत को अमेरिका के नॉर्थ कैरोलिना विवि ने महत्वपूर्ण संशोधन के लिए आचार्य उपाधि प्रदान की है. गत 13 दिसंबर को ग्रीन्स बोरो में हुए दीक्षांत समारोह में एनसीएटी के कुलगुरु डॉ. जेम्स मार्टीन, डीन डॉ. मीच क्रोएट, मिनर्व्हा लिथियम के वरिष्ठ संशोधक डॉ. शिबा दाउद, नैनो साइन्स विभाग प्रमुख डॉ. युरोंग मो, नैनो इंजीनियरिंग विभाग प्रमुख डॉ. इमॅन्युएल व्याडेल, विविध विभागों के प्रमुख की उपस्थिति में डॉ. नचिकेत को पीएचडी से नवाजा गया. प्रमुख अतिथ ओहियो स्टेट यूनिवर्सिटी की डॉ. सिंथिया टर्नर ने बीजभाषण किया.
डॉ. नचिकेत मख का संशोधन मुख्य रूप से बायो-बाइंडर्स की सहायता से पर्यावरण के अनुकूल टिकाउ कंपोजिटस् तैयार करने पर आधारित है. उन्होंने इसी विश्वविद्यालय के विभाग निदेशक डॉ. अजित केलकर के मार्गदर्शन में इपॉक्सिबायोबाइंडर सिस्टम अ ग्रीन अल्टरनेटिव विषय पर शोध प्रबंध प्रस्तुत किया. उन्हें संशोधन के लिए एनएसएफ की डॉक्टरल रिसर्च फेलोशिप प्राप्त हुई थी. उनके विविध शोध पत्रिकाओं में सात रिसर्च पेपर्स प्रसिद्ध हुए है. उन्होंने बोस्टन, अटलांटा, सेंट डियागो, सिएटल, लाँग बीच कैलिफोर्निया में आयोजित अंतरराष्ट्रीय परिषदों में संशोधन प्रस्तुत किए है. वे विश्व के चुनिंदा 50 विद्यार्थियों में शामिल रहे हैं. मेघे इंजीनियरिंग कॉलेज, बडनेरा के छात्र नचिकेत का नेदरलैंड में आयोजित यूरोब्रेक में भी चयन हुआ था. वे अपनी सफलता का श्रेय माता-पिता, पत्नी डॉ. कल्याणी और गुरुजनों को देते हैं.
डॉ. नचिकेत को संस्थाध्यक्ष रावसाहब शेखावत, उपाध्यक्ष डॉ. मिथिलेश राठोड, सचिव डॉ. अशोक चव्हाण, प्राचार्य श्रीकृष्ण येनकर, एड. राजेश मख, प्रा. नितिन सातव, प्राचार्य डॉ. सचिन शेंडोकार, प्रकाशराव भुस्कडे, कनक मख, प्रा. अजय इंगले, प्राचार्य डॉ. विजय वाढई, प्राचार्य डॉ. प्रदीप दहीकर, प्राचार्य डॉ.राजपूत, प्राचार्य डॉ. श्रीनिवास देशपांडे, प्रा. डॉ. अरूण पडोले ने बधाई दी है.