मलेरिया संबंध मेें सावधानी रखने का आवाहन

DF and DHF are caused by one of four closely related, but antigenically distinct virus serotypes (DEN-1, DEN-2, DEN-3, and DEN-4) of the genus Flavivirus. Infection with one of these serotypes provides immunity to only that serotype for life, so persons living in a dengue-endemic area can have more than one dengue infection during their lifetime.
अमरावती/ दि. 12- राज्य शासन के स्वास्थ्य विभाग की ओर से जून महिना यह मलेरिया प्रतिरोध महिना कहा जाता है. मलेरिया यह एनाफिलिस मादा से फैलने वाला रोग होने के कारण इस पर सावधानी रखने पर इस मलेरिया रोग से बचा जा सकता है. इसके लिए उपाय योजना करना जरूरी है. 1 से 30 जून तक मलेरिया प्रतिरोध महिना पर सावधानी बरतने का आवाहन उपजिला अस्पताल मोर्शी कार्यालय की ओर से किया गया है. 1 जून से 30 जून यह महिना स्वास्थ्य विभाग की ओर से पूरे राज्य में मलेरिया प्रतिरोध महिना के रूप में इस पर सावधानी बरती जाती है. एनाफिलीस मादा मच्छर से फैलनेवाली यह बीमारी है. यह मच्छर घरेलू पानी, बर्तन, टंकी, राजन, मटका, फूटे डिब्बे, फूटी बाल्टी में इकटठा पानी यह मादा मच्छर अंडे देती है. उसी गंदी पानी में यह मच्छर होते है.
मलेरिया पर नियंत्रण रखने के लिए निम्न उपाय योजना जरूरी है.
1. बुखार आने पर व बुखार कम न होने पर मरीज का शरीर गीले कपडे से पोछे तथा मरीज को जल्द किसी पास के सरकारी उपकेंद्र प्रा.आ. केंद्र ग्रामीण अस्पताल अथवा निजी डॉक्टर से उपचार करे.
2. सप्ताह में एक दिन पानी के सभी बर्तन स्वच्छ करें. घरेलू पानी के बर्तन, हौद, मटका, टैंक व राजन आदि हफ्ते में स्वच्छ कर उसे पूरी तरह सूखा करें. वह पूरा सूख जाने के बाद उसमें पानी भरे. पानी की कमी होने पर पानी कपडे से छान ले.
3. घर की छत पर अथवा परिसर में निकम्मी वस्तु जैसे टायर, शीशी, टिन के डिब्बे इनको फेेंक दे.
4. अपने- अपने घर की नालिया साफ करें और पानी हमेशा बहता रहे.
5. घर के परिसर में गढ्ढे न बनने दे.
6. संडास के गैस पाईप को पतला कपडा अथवा नायॅलॉन थैली बांधे.
8. मच्छरों से बचने के लिए मच्छरदानी का उपयोग करे
9. संभव होने पर दरवाजे खिडकियों पर जाली लगाकर मच्छरों से बचे.
10. मच्छरों से बचने के लिए शाम के समय शरीर पूरा ढके ऐसे कपडे परिधान करे.
अत: जनता इन सभी उपाय योजना पर अमल करे तो मच्छरों से होनेवाले मलेरिया रोग से मुक्ति मिल सकती है. इस संबंध में नागरिक सहकार्य करने का आवाहन सहायक संचालक अकोला डॉ. कमलेश भंडारी, जिला हिवताप अधिकारी डॉ. शरद जोगी, उपजिला अस्पताल मोर्शी वैद्यकीय अधीक्षक डॉ. प्रमोद पोतदार, डॉ. सचिन कोरडे ने किया है. स्वास्थ्य सहायक अनिल जाधव, विनय शेलुरे, प्रकाश मंगले, प्रशांत बेहरे, नंदू थोरात इस हिवताप प्रतिरोध महिना कार्यक्रम में इन कर्मचारियों का सहभाग है.