अमरावती

आखिरकार सिमकार्ड बिल वसूली के सीईओ ने दिए आदेश

डीएचओ समेत तत्कालीन कार्यक्रम संस्थापक व लेखा व्यवस्थापक से रकम की जाएगी वसूल

अमरावती/दि.4- राष्ट्रीय स्वास्थ्य अभियान अंतर्गत दो निजी मोबाइल कंपनियों के सिमकार्ड खरीदी के लिए नियमानुसार आवश्यक प्रक्रिया न करते हुए वर्ष 2022-23 वित्तिय वर्ष में नियमबाह्य तरीके से सिमकार्ड खरीदी की गई. इसके मुताबिक इस मोबाइल कंपनी की तरफ से स्वास्थ्य विभाग को 1 लाख 89 हजार 403 रुपए का बिल प्राप्त हुआ है. यह रकम जिला स्वास्थ्य अधिकारी, तत्कालीन जिला कार्यक्रम व्यवस्थापक और जिला लेखापाल से समांतर वसूल कर उसे बैंक खाते में भरने के निर्देश जिप के मुख्य कार्यकारी अधिकारी अविश्यांत पंडा ने 31 मार्च को डीएचओ को दिए है. राष्ट्रीय स्वास्थ्य अभियान अंतर्गत कार्यरत कर्मचारियों को दो निजी मोबाइल कंपनी के सिमकार्ड खरीदी के लिए नियमानुसार प्रक्रिया जिला स्वास्थ्य अधिकारी स्तर से नहीं चलाई गई. जिले में बहुल इलाकों में नेटवर्क तथा वर्ष 2022-23 के मंजूर प्रकल्प अमल प्रारुप में स्वास्थ्यवर्धिनी केंद्र के लिए इंटरनेट सेवा हेतु निधि मंजूर न रहते हुए भी संबंधित कंपनी की तरफ से सिमकार्ड खरीदी के लिए आपूर्ति के आदेश दिए गए थे. इस कारण संबंधित कंपनी की तरफ से 3 लाख 89 हजार 403 रुपए का बिल आने पर इस प्रकरण में सीईओ अविश्यांत पंडा ने कडी भूमिका लेते हुए जिम्मेदारी निश्चित करने 31 मार्च को डीएचओ डॉ. दिलीप रणमले, तत्कालीन कार्यक्रम व्यवस्थापक डॉ. पवन धाकडे, जिला लेखा व्यवस्थापक मनोज गोलाइत की सुनवाई ली. उनका स्पष्टीकरण सीईओ ने नामंजूर करते हुए इस बाबत जिम्मेदारी निश्चित की. इसके मुताबिक सिमकार्ड बिल की तीनो से समानंतर वसूली के निर्देश दिए. संबंधितों को वसूली की रकम सीईओ व्दारा दिए गए बैंक खाते में जमा करने के आदेश भी दिए गए है.

* बगैर प्रावधान के सिमकार्ड खरीदी किए
राष्ट्रीय स्वास्थ्य अभियान अंतर्गत कार्यरत कर्मचारियों के लिए किसी भी तरह का आर्थिक प्रावधान न रहते हुए नियमबाह्य तरीके से सिमकार्ड की खरीदी की गई. इस कारण इस प्रकरण की सुनवाई ली गई. पश्चात दोष निश्चित कर डीएचओ समेत अन्य दोनों पर समांतर रकम वसूली के आदेश देकर यह रकम बैंक खाते में जमा करने के निर्देश दिए है.
– अविश्यांत पंडा,
मुख्य कार्यकारी अधिकारी

 

Back to top button