
अमरावती/दि.22- ईंधन के भाव बढ़ने का परिणाम रोजमर्रा की व्यवस्था पर होकर जीवनावश्यक वस्तुओं के मूल्य में दिनोंंदिन बढ़ोत्तरी होते दिखाई दे रही है. पिछले एक माह की कालावधि में किराना दूकान के प्रत्येक जीवनावश्यक वस्तुओं के मूल्य में बढ़ोत्तरी होते रहने से गृहिणियों का बजट भी बिगड़ गया है. जून माह की तुलना में घरेलू कीचन का खर्च 20 प्रतिशत बढ़ा है. इस कारण होटल तो दूर, घर का भोजन भी महंगा होने की परिस्थिति है.
पिछले 5-6 साल से ईंधन के भाव लगातार बढ़ रहे हैं. परिणामस्वरुप जीवनावश्यक वस्तुओं समेत अन्य साहित्य के मूल्य में बढ़ोत्तरी हुई है. बढ़ती महंगाई को नियंत्रित करने के लिए केंद्र व राज्य सरकार की तरफ से कोई ठोस उपाययोजना न होने से आम नागरिक व जरुरतमंदों को महंगाई का सामना करना पड़ रहा है. इस कारण गृहिणी का बजट बिगड़ गया है. खाद्य तेल के साथ दैनंदिन रसोई घर में लगने वाली सभी वस्तुएं महंगी हो गई है. दाल के बढ़े दाम के कारण खिचड़ी का स्वाद भी महंगा हो गया है. गरीबों को एक दिन उपवास करने की नौबत आन पड़ी है.
300 रुपए से बढ़ा महीने का खर्च
जीवनावश्यक वस्तुओं की कीमतों में दिनोंदिन वृद्धि हो रही है. तुअर दाल, मूंग दाल, उड़द, चावल, शक्कर के भाव भारी मात्रा में बढ़े हैं.
जून माह की तुलना में कितना महंगा?
वस्तु जून केभाव वर्तमान भाव बढ़ोत्तरी
प्याज 25 50 100%
तुअरदाल 140 160 15%
गेहूं 25 35 40%
ज्वारी 26 36 40%
फल्लीदाना 110 140 28%
चना दाल 60 75 25%
शक्कर 38 42 12%