
* लेखाधिकारी को निगमायुक्त ने डांटा
अमरावती/दि.1 – मनपा के वाहनों को पेट्रोल-डीजल सप्लाई करने वाले निजी पंप धारकों ने भी बकाया होने के कारण अब और उधारी देने से मना कर दिया. नतीजतन मनपा के वाहनों को अब पुलिस कल्याण पेट्रोल पंप का आधार लेना पडा है. यह भी चर्चा है कि, लेखा विभाग का कामकाज ठीक होना चाहिए. चर्चा और अटकल के अनुसार एक पंप धारक से लेखा विभाग के अफसर ने ठीक बर्ताव नहीं किया था. हालांकि इस घटना का पता चलते ही निगमायुक्त डॉ. आष्टीकर ने उक्त अफसर को फटकार लगाने की भी खबर हैं.
* मनपा के वाहनों को निजी पंप से इंधन उपलब्ध होता था. हर बार इंधन का बिल समय पर भुगतान नहीं हो पाता. कहे गये समय से अधिक विलंब हो रहा था. जिससे निजी पंप चालक ने मनपा के वाहनों को पेट्रोल-डीजल देना मना कर दिया. मनपा के वाहन कई बार बगैर इंधन के खडे रह गये. अभी भी निजी चालक के नकारार्थी जवाब के कारण अनेक विभागों के वाहन खाली टंकी खडे है.
* पुलिस पेट्रोल पंप से करार
आयुक्त डॉ. आष्टीकर ने फजीहत टालने के लिए पुलिस कल्याण पेट्रोल पंप से करार का निर्णय किया. ताकि मनपा के वाहनों को नियमित इंधन उपलब्ध हो. चर्चा है कि, इंधन का करार करने पुलिस कल्याण पेट्रोल पंप के अधिकारी मनपा के लेखा विभाग में आये थे. तब भी उनसे संबंधित अधिकारी ने करार के लिए योग्य व अपेक्षित सहकार्य नहीं किया. जिसकी शिकायत की दखल आयुक्त आष्टीकर ने तत्काल ली.