
* बिना लाइसेंस चल रहा था खरीदी का व्यवसाय
वरुड /दि.20– स्थानीय कृषि उपज बाजार समिति की टीम ने छापामारी कर शहर के एक व्यापारी के खिलाफ कार्रवाई की. एपीएमसी की टीम ने इस कार्रवाई में 30 क्विंटल गेहूं जब्त किया है. इस कार्रवाई से व्यापारियों में खलबली मची है. बता दें कि, बीते अनेक दिनों से वरुड कृषि उपज बाजार समिति के कार्यक्षेत्र में बिना लाईसेंस के अनाज की अनधिकृत खरीदी-बिक्री हो रही हैं, ऐसी शिकायतें संबंधितों को मिली थी. उसके आधार पर यह कार्रवाई की गई.
प्राप्त जानकारी के अनुसार एपीएमसी के कार्यक्षेत्र में बिना लाईसेंस का कोई भी व्यापार नहीं कर सकते, बावजूद कुछ व्यापारी अनधिकृत तौर पर अनाज खरीदी कर व्यापार कर रहे हैं, ऐसी जानकारी बाजार समिति के प्रशासन को मिली थी. इसके तहत एपीएमसी की टीम ने एक व्यापारी के यहां जाकर निरीक्षण करने पर चैतन्य ट्रेडर्स के संचालक बाबाराव उघडे अनधिकृत तौर पर अनाज की खरीदी करते दिखाई दिया. इस समय एपीएमसी के सचिन नंदकिशोर बोडखे, निरीक्षक दिलीप धर्मे, कर्मचारी विष्णु माकोडे, विजय जिचकार ने छापामारी कर यह कार्रवाई की. यह टीम निरीक्षण के लिए पहुंची, तब उस स्थान पर अनधिकृत तौर पर अनाज खरीदी का व्यवसाय शुरु था. ट्रैक्टर क्र. एमएच-27/ए-2040 में करीबन 30 क्विंटल गेहूं लाकर उसे खाली करना शुरु था. इस संदर्भ में एपीएमसी के अधिकारी व कर्मचारियों ने उघडे से कृषि उपज बाजार समिति के लाइसेंस के बारे में पूछा. उनके पास अनाज की खरीदी करने के संदर्भ का कोई भी लाइसेंस नहीं मिला. जिस पर टीम ने कार्रवाई कर समिति प्रशासन ने उन्हें लिखित पत्र देने का प्रयास किया. परंतु उन्होंने वह पत्र लेने का इन्कार किया और एपीएमसी के स्टाफ के साथ विवाद किया तथा ‘कानूनन तुमसे जो होता है, वह कर लो’ ऐसी धमकी दी.
* प्रमाणित वजन कांटे नहीं, नीलामी भी नहीं
अनधिकृत तौर पर अनाज का व्यवसाय करनेवाले के पास प्रमाणित वजन कांटे नहीं होते हैं. साथ ही उस स्थान पर नीलामी की पद्धति भी नहीं होती. जिससे किसानों की कृषि उपज को योग्य दाम भी नहीं मिलता. इसके अलावा न केवल एपीएमसी का सेस (कर) डुबाया जाता है, बल्कि सरकार का सुपरविजन शुल्क भी डूबाया जाता है. कृषि उपज विकास विनियमन 1963 व 1967 के नियम 20 के अनुसार कोई भी व्यापारी बिना लाइसेंस के एपीएमसी के कार्यक्षेत्र में अनाज का व्यापार नहीं कर सकता. साथ ही कोई भी लाईसेंसधारक व्यापारी उसकी दुकान पर किसानों से कृषि उपज नहीं खरीद सकता, परंतु कुछ व्यापारी अनधिकृत तौर पर अनाज का व्यवसाय करते हैं, ऐसा नजर आया है. इसलिये इस संदर्भ में पुलिस में शिकायत दर्ज कर उसके तहत एपीएमसी ने कार्रवाई शुरु की है, ऐसी जानकारी सभापति नरेंद्र उर्फ बबलू पावडे ने संवाददाता को बातचीत के दौरान दी.