‘लव जिहाद’ तथा बलपूर्वक धर्म परिवर्तन रोकने हेतु स्वतंत्र कानून बनाएं
हिन्दू जनजागृति समिति की मांग

अमरावती/दि.20 – राज्य के अनेक क्षेत्रों में ‘लव जिहाद’, छलपूर्वक किए गए विवाह, पहचान छिपाकर संबंध स्थापित करना, मानसिक दबाव, धोखा अथवा धमकी देकर धर्म परिवर्तन कराने की शिकायतें निरंतर सामने आ रही हैं. इस विषय में किसी प्रकार का विशिष्ट कानून न होने के कारण कठोर कार्यवाही नहीं की जा सकती. अतः केन्द्र शासन के मार्गदर्शक सिद्धांतों के अनुसार देश के पाँच राज्यों में लागू तथा महाराष्ट्र शासन द्वारा सिद्धांततः स्वीकृत ‘लव जिहाद’ एवं बलपूर्वक धर्म परिवर्तन रोकने हेतु स्वतंत्र कानून आगामी अर्थसंकल्पीय अधिवेशन में पारित किया जाए, इस मांग के लिए हिन्दू जनजागृति समिति एवं समस्त हिन्दुत्वनिष्ठ संगठनों की ओर से शासन को जिला अधिकारी कार्यालय के अधीक्षक तथा तहसीलदार डॉ. निलेश खटके के माध्यम से निवेदन प्रस्तुत किया गया.
इस अवसर पर विभिन्न हिन्दुत्वनिष्ठ संगठनों की महिला पदाधिकारी एवं कार्यकर्ता बड़ी संख्या में उपस्थित थीं. उक्त मांग के समर्थन में हिन्दू जनजागृति समिति तथा समस्त हिन्दुत्वनिष्ठ संगठनों की ओर से राज्य के विभिन्न स्थानों पर निवेदन प्रस्तुत किए जा रहे हैं. इस समय रंजना पांडे, उषा कांबले, लीना नांदुरकर, भारती मोहोड, विभा चौधरी, चंदा बागडे, समिधा वरुडकर, लता कुयरे, बेला चव्हाण, किरण कोमेरवार, संगीता चौधरी, रेखा मालपानी, प्रीति नागपुरे, कंचन शर्मा, सचिन वैद्य, गिरीष जामोदे, पप्पू मिश्रा (धर्मजागरण), हरीश नाडे (श्री शिवप्रतिष्ठान हिन्दुस्तान), रमेश वरुडकर सहित बड़ी संख्या में महिला एवं पुरुष हिन्दुत्वनिष्ठ उपस्थित थे.





