25 हजार लाडली बहनों को केवाईसी हेतु समयावृद्धि
गलत पर्याय चुननेवाली लाभार्थियों को मिली राहत

* अन्य मामलों को लेकर अब भी संभ्रम कायम
अमरावती/दि.3– ‘मुख्यमंत्री माझी लाडकी बहिण योजना’ अंतर्गत ई-केवाईसी प्रक्रिया के लिए दिक्कत का सामना करनेवाली लाभार्थी महिलाओं को राज्य सरकार ने एक बार फिर राहत प्रदान की है. जिसके तहत इससे पहले 31 मार्च तक रहनेवाली ई-केवाईसी की अंतिम तिथि को बढाकर 30 अप्रैल किया गया है. जिसकी वजह से जिले की करीब 25 हजार लाडली बहनों को राहत मिलती नजर आ रही है. साथ ही इस निर्णय के चलते ई-केवाईसी करते समय गलत पर्याय चुननेवाली पात्र लाभार्थी महिलाओं को अपने आवेदन में संशोधन करने का मौका मिल रहा है.
बता दें कि, राज्य सरकार द्वारा महिलाओं हेतु शुरु की गई यह योजना बेहद अल्प समय में ही काफी लोकप्रिय साबित हुई थी. इस योजना के प्रारंभ में पात्र महिलाओं के खातों में प्रति माह 1500 रुपए जमा होने के चलते ग्रामीण व शहरी क्षेत्र की महिलाओं में आनंददायी वातावरण था. साथ ही महिलाओं को भी आर्थिक आधार मिल रहा था, परंतु बोगस लाभार्थी टालने हेतु राज्य सरकार ने ई-केवाईसी को अनिवार्य किया. इस प्रक्रिया के दौरान कुछ तकनीकी दिक्कतों एवं गलत पर्याय चुनने की वजह से कई महिलाओं के आवेदन अपात्र साबित हुए और जिले की कई महिलाओं को मिलनेवाला आर्थिक लाभ रुक गया. जिसे लेकर मिली शिकायतों के बाद सरकार ने इससे पहले भी एक बार समयावृद्धि दी थी. जिसके खत्म होने के बाद अब एक बार फिर 30 अप्रैल तक केवाईसी करने हेतु समयावृद्धि देने का निर्णय लिया गया है.
* समयावृद्धि किसके लिए?
यह समयावृद्धि सभी महिलाओं के लिए नहीं है, बल्कि केवाईसी करते समय ‘परिवार का कोई सदस्य सरकारी सेवा में है अथवा नहीं या कोई सदस्य पेंशनधारक है अथवा नही’ इस पर्याय में गलत जवाब चुननेवाले लाभार्थियों को जवाब में सुधार करने हेतु अवसर देने के लिए की गई है.
* ‘लाभ बंद’ मामलो पर अब तक निर्णय नहीं
ई-केवाईसी दुरुस्ती हेतु यद्यपी समयावृद्धि दी गई है, परंतु अन्य कारणों के चलते ‘लाभ बंद’ रहनेवाली महिलाओं के बारे में अब तक कोई स्पष्ट निर्णय नहीं लिया गया है. चारपहिया वाहन रहने, एक राशनकार्ड में 2 से अधिक लाभार्थी रहने, जन्म तारीख में त्रुटी रहने एवं अन्य योजनाओं का लाभ लेने वाली महिलाओं के मामले अब भी प्रलंबित है. जिसके चलते ऐसे लाभार्थियों में संभ्रम का वातावरण कायम है.





