व्यावसायियों के लिए अच्छी खबर
होटल्स को भी 70 प्रतिशत आपूर्ति

* होस्टल, शालाओं को दें भरपूर सिलेंडर
* नया शासनादेश जारी
* तेल कंपनियों से डीलर्स की डेली रिपोर्ट मांगी
मुंबई/दि.14- खाडी युद्ध के कारण भडके एलपीजी गैस संकट से निपटने के लिए राज्य सरकार ने आज नई गाइड लाइन जारी की है. जिसके अनुसार तेल कंपनियों को कहा गया है कि, वे शासकीय आश्रम शाला, होस्टल, भोजनालय, मध्यान्ह भोजन और अस्पतालों को भरपूर प्रमाण में सिलेंडर उपलब्ध करवाये. उसी प्रकार सभी डीलर्स को रोज रिपोर्ट देने के लिए कहा गया है. होटल्स को राहत देते हुए 70 प्रतिशत गैस आपूर्ति देने कहा गया है. दवाई और बीज प्रक्रिया उद्योग के साथ मत्स्य पालन को भी 50 प्रतिशत गैस सिलेंडर जारी करने के निर्देश दिये गये है. होटल व्यवसायियों के लिए 70 प्रतिशत आपूर्ति के निर्देश से निश्चित ही समस्त राज्य में कारोबारियों को बडी राहत मिली है. नये शासनादेश का होटल एसो. ने स्वागत किया है.
आपूर्ति और उपभोक्ता संरक्षण विभाग ने आदेश जारी किया है. जिसमें प्रत्येक जिले की शिक्षा संस्थाओं सहित अन्य सेवाओं को घरेलू गैस उपलब्ध करवाने कहा गया है. जिससे शालाओं का मध्यान्न भोजन बराबर तैयार होगा. आदेश के अनुसार अस्पताल, स्मशान भूमि, वृद्धाश्रम, अनाथ आश्रम सहित सर्वजनिक सेवाओं के लिए शत-प्रतिशत सिलेंडर आपूर्ति करने कहा गया है. वहीं पुलिस, जेल, होटल, प्रतिरक्षा क्षेत्र, रेल्वे, परिवहन महामंडल को भी 70 प्रतिशत गैस आपूर्ति के निर्देश ताजा आदेश में दिये गये है.
* इस प्रकार होगी रसोई गैस डिलीवरी
अस्पताल – 100 प्रतिशत
शिक्षा संस्था – 100 प्रतिशत
सार्वजनिक सेवा – 100 प्रतिशत
स्मशानभूमि – 100 प्रतिशत
वृद्धाश्रम – 100 प्रतिशत
अनाथालय – 100 प्रतिशत
उपहारगृह – 70 प्रतिशत
संरक्षण क्षेत्र – 70 प्रतिशत
सार्वजनिक क्षेत्र – 70 प्रतिशत
रेल्वे – 70 प्रतिशत
हवाई सेवा – 70 प्रतिशत
पुलिस-जेल – 70 प्रतिशत
एसटी बोर्ड – 50 प्रतिशत
दवा उद्योग – 50 प्रतिशत
बीज उद्योग – 50 प्रतिशत
मत्स्य उद्योग – 50 प्रतिशत
* अमरावती में होटल व्यवसायी खुश
अमरावती के होटल व्यवसायियों ने सरकार के ताजा आदेश का स्वागत किया है. होटल एसो. के पदाधिकारी सारंग राउत ने कहा कि, सरकार ने होटल व्यवसायियों और उससे जुडे कामगारों की समस्या को देखते हुए युद्धजन्य परिस्थिति में बेहतरीन निर्णय किया है. जिसका वे स्वागत करते हैं. अपेक्षा करते है कि, आगे भी स्थिति को देखकर सरकार होटल कारोबारियों के लिए संख्या बढा देगी.





