
नई दिल्ली-राजस्थान की सियासी उठापटक के बीच बसपा विधायकों के मामले में बुधवार को हाईकोर्ट में सुनवाई हुई। कोर्ट ने इस मामले में विधानसभा स्पीकर सीपी जोशी से जवाब मांगा है। अगली सुनवाई गुरुवार सुबह 10.30 बजे होगी।
बसपा के 6 विधायकों के कांग्रेस में शामिल होने के खिलाफ भाजपा विधायक मदन दिलावर ने भी पिटीशन लगाई है। दूसरी ओर जैसलमेर के 2 होटलों में ठहरे गहलोत गुट के विधायक आज तनोट माता के दर्शन के लिए जाएंगे। मुख्यमंत्री अशोक गहलोत की तनोट माता में काफी आस्था है।
6 विधायकों को फ्लोर टेस्ट में शामिल नहीं होने दें बसपा ने कहा
6 विधायकों के मामले में भाजपा के साथ बसपा ने भी हाईकोर्ट में अर्जी लगा रखी है। बसपा ने पहले हाईकोर्ट की सिंगल बेंच में अपील की थी। सिंगल बेंच ने 30 जुलाई को विधानसभा स्पीकर, सचिव और 6 विधायकों को नोटिस देकर 11 अगस्त तक जवाब मांगा था। बसपा का कहना है कि विधायक बाड़ेबंदी में हैं, ऐसे में नोटिस की कार्यवाही में दिक्कत होगी। इसलिए बसपा ने मंगलवार को डबल बेंच में अपील की। पार्टी की मांग है कि जब तक मामला कोर्ट में है, तब तक उसके विधायकों को फ्लोर टेस्ट में किसी के भी पक्ष में वोट नहीं डालने दिया जाए।
राजद्रोह की धारा हटी
इससे पहले मंगलवार को स्पेशल ऑपरेशन ग्रुप (एसओजी) ने हॉर्स ट्रेडिंग के मामले से राजद्रोह की धारा 124-ए हटा ली और केस एंटी करप्शन ब्यूरो (एसीबी) को ट्रांसफर कर दिया। सचिन पायलट और उनके खेमे के विधायकों को एसओजी ने राजद्रोह के तहत ही नोटिस दिया था। इससे नाराज होकर पायलट ने बगावती तेवर अपना लिए थे।
हॉर्स ट्रेडिंग मामले में विधायक भंवरलाल शर्मा ने जांच एसओजी से लेकर केंद्र की नेशनल इन्वेस्टिगेशन एजेंसी (एनआईए) से करवाने की मांग की है। उनका कहना है कि एसओजी ने सोशल मीडिया पर वायरल ऑडियो क्लिप के आधार पर केस दर्ज किया है। इस मामले में कोर्ट ने सरकार के चीफ व्हिप महेश जोशी से जवाब मांगा है। अगली सुनवाई 13 अगस्त को होगी। 14 अगस्त से विधानसभा का सत्र भी है।