गिरफ्तारी के बाद शेख शाहजहां को तृणमूल ने किया निलंबित

नई दिल्ली – पश्चिम बंगाल के संदेशखाली में महिलाओं से यौन उत्पीड़न और जमीन हड़पने के आरोपी टीएमसी नेता शेख शाहजहां को पार्टी ने 6 साल के लिए निलंबित कर दिया है. पार्टी के फैसले की जानकारी देते हुए टीएमसी नेता डेरेक ओ ब्रायन ने कहा कि एक पार्टी है, जो सिर्फ बोलती रहती है. तृणमूल जो कहती है, वो करती है.
शेख को बंगाल पुलिस ने गुरुवार 29 फरवरी की सुबह नॉर्थ 24 परगना के मीनाखान इलाके से गिरफ्तार किया. वह 55 दिन से फरार था. पुलिस ने उसे बशीरहाट कोर्ट में पेश किया, जहां से उसे 10 दिन की पुलिस रिमांड पर भेज दिया गया. कोलकाता पुलिस ने जांच सीआईडी को सौंप दी है.
साउथ बंगाल के अपर पुलिस महासंचालक सुप्रतिम सरकार ने कहा कि वह 5 जनवरी को ईडी अफसरों पर हुए हमले के मुख्य आरोपियों में शामिल था. उसे इसी मामले में गिरफ्तार किया गया है. कुछ मीडिया रिपोर्ट्स में पुलिस सूत्रों के हवाले से कहा जा रहा है कि ईडी की टीम पर हमले में शेख शाहजहां ने अपनी भूमिका कबूल कर ली है.
गिरफ्तारी के तुरंत बाद शेख शाहजहां के वकील जमानत के लिए हाईकोर्ट पहुंचे. कोर्ट ने कहा, उसे गिरफ्तार ही रहने दो. अगले 10 साल तक ये आदमी आपको बहुत व्यस्त रखेगा. आपको इस केस के अलावा कोई और चीज देखने का मौका नहीं मिलेगा. उसके खिलाफ 42 केस दर्ज हैं. वो फरार भी था. जो कुछ भी आपको चाहिए, आप सोमवार को आइए. हमारे पास उसके लिए कोई सहानुभूति नहीं है.
* हाईकोर्ट में सुनवाई सोमवार को
कोलकाता हाईकोर्ट सोमवार को संदेशखाली मामले की जांच सीबीआई को सौंपे जाने की याचिका पर सुनवाई करेगा. साउथ बंगाल के एडीजी सुप्रतिम सरकार ने बताया कि इस गिरफ्तारी में सेक्शुअल असॉल्ट का कोई मामला नहीं है. शाहजहां के खिलाफ कई मामले दर्ज किए गए हैं. 7, 8 और 9 फरवरी को जो मामले दर्ज हुए हैं, वह सभी 2-3 साल पहले की घटनाओं के हैं, पर जांच पड़ताल में समय लगेगा.