पूज्य शदाणी दरबार में अंतराष्ट्रीय वार्षिक महोत्सव शुरु
विशाल बाइक रैली से हुआ शुभारंभ

* मेगा मेडिकल कैम्प रहेगा विशेष आकर्षण
* पूज्य राजाराम साहबजी के 66 वें वर्सी महोत्सव पर आयोजन
अमरावती /दि.10 – अंतराष्ट्रीय मानव सेवा केंद्र और भारतीय सनातन संस्कृति एवं सभ्यता के प्रतिक, रायपुर स्थित 317 वर्ष प्राचीन पूज्य शदाणी दरबार तीर्थ में प्रकांड विद्वान, करुणा और विनम्रता की प्रतिमूर्ति परमपूज्य सतगुरु संत राजाराम साहबजी का 66 वां वर्सी महोत्सव आज 10 मार्च से 13 मार्च तक सेवा वर्ष के रुप में भव्यता के साथ मनाया जा रहा है. इस महोत्सव में देश ही नहीं, बल्कि विदेशों से भी बडी संख्या में श्रद्धालु पहुंच रहे है.
शिव अवतारी पावन संत परंपरा के वर्तमान पीठाधीश नवम अवतार संत डॉ. युधिष्ठिरलालजी के मार्गदर्शन और सानिध्य में यह अंतरराष्ट्रीय महोत्सव आयोजित किया जा रहा है. संत डॉ. युधिष्ठिरलालजी मानव सेवा को ही माधव सेवा मानते हुए करुणा, प्रेम, सरलता और सहिष्णुता के संदेश को विश्व स्तर पर प्रसारित कर रहे हैं. उनके मार्गदर्शन में पूरे वर्ष सेवा से जुडे विभिन्न कार्यक्रम आयोजित किये जाएंगे.
* संत राजाराम साहबजी की महान संत परंपरा
विलक्षण प्रतिभा के धनी संत श्री राजाराम साहबजी ने संस्कृत और वेदों की शिक्षा हरिद्वार स्थित कनखल आश्रम से प्राप्त की थी. उनकी असाधरण प्रतिभा से प्रभावित होकर आश्रम के पीठाधीश ने उन्हें वहीं पीठाधीश के रुप में सेवा देने का आग्रह किया था, लेकिन उन्होंने अत्यंत विनम्रता से यह कहते हुए प्रस्ताव अस्वीकार कर दिया कि, वे शदाणी दरबार की अमानत है और उन्हें सिंध स्थित पूज्य शदाणी दरबार में ही अपनी सेवाएं देनी है.
संत राजाराम साहबजी करुणा के सागर थे. किसी का भी दुख देखकर उनकी आंखों में आसू आ जाते थे. वे स्वयं भोजन करने से पहले भुखों को भोजन कराना अपना धर्म मानते थे और लोगों के दुखों को दूर कर उनकी आध्यत्मिक उन्नति और सुख-समृद्धि के लिए निरंतर प्रयासरत रहते थे.
* विशाल बाइक रैली से शुभारंभ
महोत्सव के प्रचार-प्रसार और जनजागरुकता के लिए रविवार 8 मार्च को दोपहर 1 बजे पूज्य शदाणी दरबार तीर्थ से एक विशाल बाइक रैली निकाली गई. यह रैली नगर भ्रमण करते हुए लोगों के आत्मिय स्वागत के बीच मोवा स्थित गुरुद्वारे के पास संपन्न हुई.
* संतों के प्रवचनों की ज्ञानगंगा बहेगी
महोत्सव के दौरान संतों और महामंडलेश्वरों के प्रवचनों की ज्ञानगंगा बहेगी तथा ख्याति प्राप्त भजन गायकों द्वारा भक्ति संगीत की प्रस्तुतियां दी जाएगी. इस अवसर पर देश के विभिन्न भागों से प्रतिष्ठित संत-महात्मा प्रवचन देने के लिए पधार रहे हैं. इनमें श्रीधाम वृंदावन से पूज्य पुंडरिक गोस्वामीजी एवं भागवत विदुषी पूज्य कीर्तिकिशोर जी, हरिद्वार से महामंडलेश्वर पूज्य अभिषेक चैतन्य गिरीजी महाराज, काशी से पूज्य गोविंदानंदजी महाराज केरल से पूज्य श्री दिव्यानंद सरस्वती जी महाराज तथा स्वामी रामानंद सरस्वती जी शामिल है.
* मेगा मेडिकल कैम्प और स्वास्थ्य सेवाएं
महोत्सव के अंतर्गत 10 से 12 मार्च तक विशाल मेगा मेडिकल कैम्प का आयोजन किया जा रहा है. इसमें कैंसर जागरुकता और उपचार के लिए विशेष डॉक्टर, त्वचारोग विशेषज्ञ, नेत्ररोग विशेषज्ञ, दंत चिकित्सक, न्यूरोसर्जन, हड्डीरोग विशेषज्ञ तथा फिजियोथेरेपी विशेषज्ञ अपनी सेवाएं देंगे. इसके अलावा विभिन्न प्रकार की मेडिकल जांच, एक्स-रे और सोनोग्राफी भी छत्तीसगढ सरकार के सहयोग से पूर्णत: निशुल्क उपलब्ध करवाई जाएगी. मौके पर ही रिपोर्ट उपलब्ध कराने के लिए प्रयोगशाला विशेषज्ञ भी मौजूद रहेंगे.
* रक्तदान शिविर का आयोजन
महोत्सव के अंतिम दिन 13 मार्च को एक विशाल रक्तदान शिविर का भी आयोजन किया गया है. जिसमें बडी संख्या में श्रद्धालुओं और सामाजिक कार्यकर्ताओं के सहभाग लेने की संभावना है. चार दिवसीय महोत्सव आध्यात्मिक प्रवचनों, भक्ति संगीत, स्वास्थ्य सेवाओं और सेवा कार्यों के माध्यम से मानवता और सनातन संस्कृति के संदेश को जन-जन तक पहुंचाने का एक महत्वपूर्ण अवसर बनेगा.





