मुझे लगातार परेशान कर रहे हैं संजय राउत
सांसद नवनीत ने दिल्ली पुलिस कमिश्नर को लिखी चिठ्ठी

मुुंबई/दि.27- महाराष्ट्र में इस समय हनुमान चालीसा के पठन को लेकर राजनीतिक घमासान मचा हुआ है और अमरावती जिले की सांसद नवनीत राणा व शिवसेना नेता आमने-सामने टकराववाली भूमिका में है. जिसके तहत सांसद संजय राउत ने सांसद नवनीत राणा व उनके पति व विधायक रवि राणा के लिए ‘बंटी-बबली’ व ‘जोडी नं. 420’ जैसे विशेषणों का प्रयोग किया है. वहीं अब सांसद नवनीत राणा ने संजय राउत के खिलाफ नागपुर के पुलिस आयुक्त के पास शिकायत दर्ज कराने के साथ ही दिल्ली के पुलिस आयुक्त के नाम भी एक पत्र भिजवाया है. जिसमें आरोप लगाया गया है कि, अनुसूचित जाति से वास्ता रखनेवाली महिला होने की वजह से सांसद संजय राउत उन्हें जानबूझकर सताते हुए लगातार अपमानित व प्रताडित कर रहे है.
बता दें कि, सांसद नवनीत राणा तथा उनके पति व विधायक रवि राणा ने विगत शनिवार 23 अप्रैल को मुख्यमंत्री उध्दव ठाकरे के आवास मातोश्री बंगले के सामने हनुमान चालीसा पढने की घोषणा की थी. जिसके बाद मुंबई पुलिस ने राणा दम्पति को अपनी हिरासत में लिया था. पश्चात उन्हें अदालत के आदेश पर एमसीआर के
तहत जेल भेज दिया गया.
पश्चात सांसद नवनीत राणा ने आरोप लगाया था कि, जब उन्हें खार पुलिस द्वारा हिरासत में लेकर शनिवार की रात सांताक्रूझ पुलिस थाने के लॉकअप् में रखा गया था, तब उनके साथ जातिगत आधार पर अपमानजनक व भेदभावपूर्ण व्यवहार किया गया था. जिसके तहत उन्हें निचली जाति का बताकर उन्हें पीने के लिए पानी देने से मना किया गया. साथ ही वॉशरूम जाने की अनुमति भी नहीं दी गई. इसके अलावा इस दौरान शिवसेना नेता संजय राउत लगातार उन्हें लेकर अनर्गल बयानबाजी कर रहे थे. सांसद नवनीत के मुताबिक वे हिंदु दलित समाज से वास्ता रखती है. ऐसे में उनकी जाति को निम्न मानते हुए सांसद संजय राउत द्वारा अक्सर उन पर फब्तियां कसी जाती है और तंज व ताने मारे जाते है. साथ ही बीते दिनों संजय राउत ने उन्हें व उनके पति को जमीन में 20 फीट नीचे गाड देने और श्मशान में अपनी चिता तैयार रखने को लेकर चेतावनी दी थी. जिसकी शिकायत वे इससे पहले नागपुर के शहर पुलिस आयुक्त अमितेशकुमार से कर चुकी है. वहीं अब उन्होंने दिल्ली पुलिस का दरवाजा भी खटखटाया है.
दिल्ली के पुलिस कमिश्नर को भेजी गई अपनी लिखित शिकायत में सांसद नवनीत राणा ने कहा है कि, मैं अनुसूचित जाति की सदस्य हूं. अमरावती लोकसभा सीट अनुसूचित जाति के लिए आरक्षित था. इसलिए मैंने पहली बार 2014 में शिवसेना के एक उम्मीदवार के खिलाफ चुनाव लड़ा था. ऐसे में मेरे पहले चुनाव के बाद से ही शिवसेना उम्मीदवार व कार्यकर्ता मुझे धमका रहे हैं. मेरी जाति के बारे में झूठे आरोप लगा रहे हैं. पश्चात वर्ष 2019 के लोकसभा चुनाव में मैंने शिवसेना उम्मीदवार को हराकर जीत हासिल की थी. इसके बाद से शिवसेना सांसद संजय राउत मेरे खिलाफ बोल रहे हैं. उन्हें पता है कि मैं पिछड़े वर्ग से हूं. इसलिए वे चैनलों में दिए इंटरव्यू में मुझे परेशान करते हैं. पिछले दो दिनों में दिए इंटरव्यू में उन्होंने मुझे और मेरे पति को बार बार बंटी और बबली कहा. इतना ही नहीं उन्होंने मेरे समुदाय को बदनाम करने के इरादे से मुझे और मेरे पति को 420 भी कहा. सांसद नवनीत राणा ने राउत के खिलाफ एससी-एसटी एक्ट के तहत मामला दर्ज करने की मांग की है.