पीएम की महत्वाकांक्षी योजना पर प्रश्नचिन्ह लगा रहे एमएसईबी के अधिकारी
1-2 यूनिट के उत्पादन फर्क पर पहुंच रहे इन्कॉयरी करने

* सौर उर्जा के अनेक उपभोक्ताओं की शिकायत
* जनप्रतिनिधियों के हस्तक्षेप की अपेक्षा
अमरावती/दि.11 – प्रधानमंत्री सौर उर्जा के उपयोग पर लगातार बल दे रहे हैं. मन की बात सहित अनेक मंच पर सौर उर्जा के भरपूर इस्तेमाल का आवाहन कर रहे हैं. किंतु सरकारी बिजली कंपनी महावितरण के अधिकारी इस योजना को पलीता लगाने की कोशिश करने का आरोप उपभोक्ताओं ने ‘अमरावती मंडल’ से निवेदन कर लगाया है. उनकी स्पष्ट शिकायत है कि, सोलर से उर्जा जनरेशन में एक या दो यूनिट का अंतर रहते ही अधिकारी और बिजली कर्मी उपभोक्ता यहां इन्कॉयरी के लिए पहुंच जाते हैं. जिससे सौर उर्जा प्रकल्प लगानेवाले उपभोक्ता नाहक परेशान होने की शिकायत वे कर रहे हैं. इस बारे में महावितरण के उच्चाधिकारी कुछ नहीं कह रहे. जबकि लोगों ने जनप्रतिनिधियों के इस विषय में हस्तक्षेप की अपेक्षा व्यक्त की है.
* एक यूनिट भी ज्यादा तो धमके अधिकारी
उल्लेखनीय है कि, सौर उर्जा का अधिकाधिक उपयोग करने पर केंद्र और राज्य शासन जोर दे रहा है. जिसके कारण अमरावती में सैकडों लोगों ने सूर्यघर योजना और संबंधित सोलर योजना में भाग लिया है. अपने घर-दफ्तरों की छत पर सोलर पैनल लगवाएं हैं. इसी से संबंधित इन लोगों की शिकायत है. जिसके अनुसार सोलर उर्जा जनरेशन की एक-दो यूनिट भी बढती दिखाई देती है, तो एमएसईबी के अधिकारी स्टाफ के साथ उपभोक्ता के घर-दफ्तर पर धडक दे रहे हैं. इन्कॉयरी कर रहे हैं. जिससे उपभोक्ताओं का रुटीन प्रभावित होने के साथ नाहक मानसिक परेशानी भी झेलनी पड रही है.
* हुए करार, रेग्यूलर चेकिंग
एमएसईबी के शहर अभियंता आनंद काटकर से उपभोक्ताओं की सोलर संबंधी शिकायत के बारे में बात की तो उन्होंने कहा कि, फर्क अधिक यूनिट का रहा होगा और इस बारे उपभोक्ता और एमएसईबी के बीच करार हुआ है. अधिकारी व कर्मी रेग्यूलर चेकिंग के लिए पहुंचे होंगे.
* मेंटेनन्स के नाम पर नियमों को धता
सोलर उपभोक्ताओं ने ‘अमरावती मंडल’ से शिकायत की कि, मेंटेनन्स के नाम पर भी बगैर कोई नियम कानून बताए इन्कॉयरी के लिए अधिकारी, कर्मचारी पहुंच रहे हैं. कौनसे नियमों में यह जांच-पडताल होती है, सोलर जनरेशन के इनके स्टैंडर्ड क्या है, यह पूछने पर भी अधिकारी-कर्मी नहीं बताते. जिससे उपभोक्ताओं की परेशानी बढ जाती है. उपभोक्ताओं ने आरोप किया कि, इस संबंध में नियमों को दरकिनार कर मनमानी कार्यवाही हो रही है. उपभोक्ताओं ने जनप्रतिनिधियों से इस विषय में हस्तक्षेप की अपेक्षा बोलकर बताई है. यह भी उल्लेखनीय है कि, नागपुर के बाद अमरावती ही सोलर उर्जा उपभोग में आगे हैं. यहां सैकडों घरों-दफ्तरों में सोलर पैनल लगाए गए हैं. एमएसईबी से उनके अनुबंध हुए है. उसके बावजूद थोडे यूनिट फर्क के नाम पर इन्कॉयरी के लिए अधिकारी धमक रहे हैं. उपभोक्ताओं ने इस बारे में एमएसईबी के उच्चाधिकारियों से खुलासा भी चाहा है.