थाने में घुसकर पुलिस से भिड गये रोहित और मिटकरी
मामला अजीत दादा विमान हादसे का

* सबूतों के बावजूद कार्रवाई में कोताही
मुंबई /दि.25 – गत 28 जनवरी को हुए उपमुख्यमंत्री अजीत दादा पवार के भयंकर विमान हादसे के बारे में षडयंत्र होने की आशंका वाले ढेरों सबूत के बावजूद एयर लाइन एजेंसी पर अब तक कोई कार्रवाई न किये जाने से गुस्साएं राष्ट्रवादी कांग्रेस अजीत पवार विधायक अमोल मिटकरी और राष्ट्रवादी शरद पवार विधायक रोहित पवार ने आज मरीन ड्राइव थाने में घुसकर बडा कोहराम मचाया. दोनों ही लीडर्स अपने प्रिय नेता की भीषण विमान दुर्घटना में मृत्यु पर बडे खफा दिखाई दिये. आक्रमक अंदाज में डीजीसीए और वीएसआर कंपनी पर अपराध दर्ज कर अधिकारियों पर कडे एक्शन की मांग इन नेताओं ने की.
रोहित पवार और मिटकरी के साथ संदीप क्षीरसागर भी मरीन ड्राइव थाने में पहुंचे थे. उन्होंने शिकायत देने के तुरंत बाद संबंधित विमान कंपनी पर अपराध दर्ज करने की मांग मुखर की. उन्होंने दावा किया कि, न्यूज चैनलों पर, मीडिया में इतना कुछ आ रहा है, ढेर सारे सबूत सामने आये हैं. कही न कहीं अजीत दादा की विमान दुर्घटना षडयंत्र प्रतीत हो रही है. इसलिए कार्रवाई करेंगे, ऐसा आश्वासन न देते हुए तत्काल अपराध दर्ज करने की मांग इन नेताओं ने की. उनके वकील भी साथ थे.
रोहित पवार और मिटकरी ने दावा किया कि, डीजीसीए की रिपोर्ट में विमान कंपनी वीएसआर की चूक बतायी गई है. कंपनी की लापरवाही के कारण इतना भीषण हादसा होने का रिपोर्ट में उल्लेख है. इसलिए डीसीपी प्रवीण मुंडे से उन्होंने चर्चा कर कंपनी अधिकारियों पर केस दर्ज करने एवं कार्रवाई करने की मांग रखी. रोहित पवार अधिक आक्रमक दिखाई दिये. उनकी पुलिस से बहस मुबाहिसा हुई. डीसीपी मुंडे ने उचित कार्रवाई का आश्वासन दिया. विधायक बडे तैश में थे. उन्होंने पुलिस पर सवाल उठाया कि, प्रदेश के उपमुख्यमंत्री की हादसे में जान जाती है. षडयंत्र के सबूत है. फिर भी पुलिस एफआईआर दाखिल नहीं कर रही.





