मंत्री धनंजय मुंडे घरेलू हिंसा मामले में दोषी
बांद्रा कोर्ट ने सुनाया फैसला
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* करुणा शार्मा को प्रतिमाह दो लाख की खावटी
मुंबई/दि.6- अजीत पवार गुट वाली राकांपा के नेता व महायुति सरकार में मंत्री रहने वाले धनंजय मुंडे को बांद्रो की पारिवारिक अदालत ने घरेलू हिंसा मामले में दोषी करार देने के साथ ही करुणा शार्मा मुंडे द्वारा लगाये गये आरोपों को मान्य किया है. साथ ही अदालत ने धनंजय मुंडे को आदेश दिया है कि, वे करुणा शर्मा मुंडे को प्रतिमाह भरण पोषण हेतु 2 लाख रुपए की खावटी अदा करें. अदालत द्वारा सुनाये गये इस फैसले को मंत्री धनंजय मुंडे के लिए काफी बडा झटका माना जा रहा है. साथ ही इस फैसले के चलते मंत्री धनंजय मुंडे की मुश्किलें बढती नजर आ रही है.
वहीं दूसरी ओर इस फैसलें पर खुशी जताते हुए करुणा शर्मा ने कहा कि, इससे पहले भी औरंगाबाद कोर्ट ने उनके कक्ष में फैसला सुनाया था और अब बांद्रा की पारिवारिक अदालत ने भी उनके पक्ष में ही फैसला सुनाया है. उन्होंने अपने व अपने दोनों बच्चों के लिए 5-5 लाख रुपए के हिसाब से 15 लाख रुपए की मांग की थी. परंतु उन्हें केवल 2 लाख रुपए की ही खावटी मंजूर हुई है. ऐसे में वे अपनी मांग के लिए हाईकोर्ट में गुहार लगाएगी. साथ ही करुणा शर्मा ने यह भी कहा कि, उनके लिए न्याय मांगने का सफर आसान नहीं रहा. इस दौरान उन्हें दो बार जेल में डाला गया और कलेक्टर के कैबिन में वाल्मिक कराड के गुंडों ने उनके साथ मारपीट की. उनकी गाडी के साथ तोडफोड करते हुए उनकी बहन का शारीरिक शोषण भी किया गया. जिससे परेशान होकर उनकी मां ने आत्महत्या कर ली थी. लेकिन वे बिना डरे न्याय के लिए संघर्ष करती रही और आज उनके संघर्ष की जीत हुई है. इसके साथ ही करुणा शर्मा ने यह भी कहा कि, उनकी राजनीति एक बडे राजनेता व राज्य सरकार के मंत्री के खिलाफ थी. जिनकी ओर से पैरवी करने हेतु बडे-बडे नामांकित वकीलों की फौज खडी थी. वहीं दूसरी ओर उनकी तरफ से बीड के वकील गणेश कोल्हे ने एक रुपए की फीस लिये बिना अदालत में सफलतापूर्वक पैरवी की और उन्हें न्याय दिलाया.