
आगरगांव/दि.11– राज्यभर में ग्रामीण क्षेत्र में आवास योजना में बाह्य स्त्रोत द्बारा काम करनेवाले 1 हजार 300 ग्रामीण गृहनिर्माण अभियंताओं को जनवरी माह से मानधन नहीं मिला. कुछ जिले में तो 2 से 3 महिने का मानधन नहीं मिला है. शेष जिले के अभियंता को वह भी नहीं मिलने से विगत वर्ष की तरह इस साल की भी दिवाली अंधेरे में हो रही है.
जिला ग्रामीण विकास यंत्रणा अंतर्गत ग्रामीण क्षेत्र के गृह निर्माण अभियंता कार्यरत है. इस अभियंता को जनवरी महिने से मानधन नहीं मिला. कुछ जिले में जिला ग्रामीण यंत्रणा के माध्यम से दो से तीन महिने का थोडा बहुत मानधन उनके खाते में जमा करा है. जिसके कारण कंपनी और शासकीय यंत्रणा में टैक्स के संबंध में संभ्रम निर्माण हो गया है. विगत 11 माह से उन्हें मानधन नहीं. अब दिवाली का महत्वपूर्ण त्यौहार है. आर्थिक समस्या निर्माण हो गई है. बार बार मांग करने के बाद भी यंत्रणा व संस्था इस संबंध में गंभीरता से ध्यान नहीं दे रही है. जिससे गृहनिर्माण अभियंता की यह गंभीर समस्या बन गई है.
* कम वेतन, समान वेतन नहीं
गृहनिर्माण अभियंता के लिए न्यूनतम वेतन, समान काम, समान वेतन इन कानून को भी अंगूठा बताया जा रहा है. प्रति घरकुल मानधन प्रकिया 2015-16 से लागू किया गया है. इस नियम के कारण गृह निर्माण अभियंताको 2015- 16 से कभी भी समय पर मानधन नहीं मिला. कभी 6 माह में तो कभी साल भर मानधन की प्रतीक्षा करनी पडती है.