जिले में सालभर दौरान 15 हजार परिवारों को मिला खुद का घर
पीएम आवास योजना पर हो रहा प्रभावी अमल

अमरावती /दि.11 – जिले में प्रधानमंत्री आवास योजना पर प्रभावी रुप से अमल किया जा रहा है. जिसके चलते जिले की 14 तहसीलों में बीते एक वर्ष के दौरान 14 हजार 803 परिवारों को अपना खुद का घर मिला है. जिसके तहत जिले की चिखलदरा तहसील में सर्वाधिक 2 हजार 84 लाभार्थियों के घर बनकर पूरे हो चुके है. जिसके चलते अपना खुद का घर होने का सपना देखनेवाले ग्रामीण क्षेत्र के कई परिवारों का सपना पूरा होने के साथ ही उन्हें इस योजना की वजह से काफी बडी राहत भी मिली है.
बता दें कि, गरीब एवं मध्यमवर्गीय परिवारों को बेहद वाजीब दरों में सस्ते घर उपलब्ध कराने के उद्देश्य से केंद्र सरकार द्वारा देशभर में पीएम आवास योजना चलाई जा रही है. जिसके तहत अमरावती जिले को वर्ष 2024-25 से वर्ष 2025-26 के लिए 14 तहसीलों में 68 हजार 486 घर बनाने का लक्ष्य दिया गया था. जिसमें से 66 हजार 207 घरकुल मंजूर हुए. साथ ही 61 हजार 391 लाभार्थियों को पहली किश्त अदा कर दी गई. जबकि 33 हजार 659 लाभार्थियों को दूसरी, 24 हजार 478 लाभार्थियों को तीसरी व 9 हजार 246 लाभार्थियों को चौथी किश्त प्राप्त हो चुकी है. साथ ही साथ इस एक वर्ष के दौरान 14 तहसीलों में करीब 14 हजार 803 लाभार्थियों के घर बनकर पूरे हो गए है.
* पीएम आवास योजना की त्रुटियां
कई स्थानों पर प्रत्यक्ष जरुरतमंदों की बजाए अपात्र लोगों के नाम इस योजना में शामिल हो जाते है. इसके अलावा घर के निर्माण हेतु मिलनेवाली किश्त समय पर नहीं मिलने के चलते काम आधा-अधूरा पडा रहता है. कई लाभार्थियों के पास अपनी खुद की जमीन नहीं रहने के चलते घर बनाने में काफी दिक्कते पेश आती है. आवेदन की प्रक्रिया और दस्तावेजों की शर्त काफी क्लिष्ट रहने के चलते लाभार्थियों को काफी दिक्कते होती है. सीमेंट, लोहा व निर्माण साहित्य के दामों में वृद्धि होने के चलते निर्माण पूरा करने के लिए अनुदान अपर्याप्त साबित होता है. इन तमाम बातों को ध्यान में रखते हुए सरकार द्वारा घरकुल योजना के अनुदान में वृद्धि करने के साथ ही अन्य त्रुटियों को दूर किए जाने की भी सख्त जरुरत है.
* योजना में शामिल होने हेतु प्रक्रिया
इस योजना में शामिल होने हेतु लाभार्थी का नाम सामाजिक-आर्थिक जाति जनगणना यानि एसईसीसी की सूची में शामिल रहना एवं मानकों का पूर्ण करना आवश्यक है. लाभार्थी परिवार के पास अपना खुद का पक्का घर भी पहले से नहीं होना चाहिए. ग्रामीण क्षेत्र के लाभार्थियों द्वारा ग्राम पंचायत कार्यालय में तथा शहरी क्षेत्र के लाभार्थियों द्वारा नगर परिषद या नगर पंचायत अथवा जिला परिषद या महानगर पालिका में आवेदन किया जा सकता है. इस योजना के तहत ऑनलाइन आवेदन की सुविधा भी उपलब्ध है. आवेदन करते समय आधार कार्ड, बैंक अकाउंट की पासबुक, निवासी प्रमाणपत्र, आय प्रमाणपत्र व जमीन से संबंधित दस्तावेज प्रस्तुत करने होते है.