अमरावती में पिता ने बेटी को दी नई जिंदगी
किडनी दान कर बचाए प्राण

अमरावती/दि.27- सुपर स्पेशलिटी हॉस्पिटल, अमरावती में मानवता और रिश्तों की मिसाल पेश करते हुए एक पिता ने अपनी बेटी को किडनी दान कर उसकी जान बचा ली. अस्पताल में यह 70वीं सफल किडनी प्रत्यारोपण सर्जरी रही, जिसे डॉक्टरों की टीम ने सफलतापूर्वक अंजाम दिया.
प्राप्त जानकारी के अनुसार, वाशिम जिले के कामरगांव निवासी 37 वर्षीय वर्षा संतोष खवासे पिछले कुछ महीनों से किडनी की गंभीर बीमारी से जूझ रही थीं और नियमित डायलिसिस पर थीं. डॉक्टरों ने उन्हें किडनी ट्रांसप्लांट ही स्थायी समाधान बताया. बेटी की हालत को देखते हुए उनके 66 वर्षीय पिता रमेश मोतीराम गंथले ने आगे आकर अपनी एक किडनी दान करने का निर्णय लिया. इस निर्णय ने न केवल उनकी बेटी को नया जीवन दिया, बल्कि समाज के सामने एक प्रेरणादायक उदाहरण भी प्रस्तुत किया. यह सर्जरी आयुष्मान भारत प्रधानमंत्री जन आरोग्य योजना के तहत पूरी तरह निःशुल्क की गई. अस्पताल प्रशासन के अनुसार, यहां किडनी प्रत्यारोपण की सुविधा उपलब्ध होने से न केवल विदर्भ बल्कि अन्य जिलों और राज्यों से भी मरीज उपचार के लिए आ रहे हैं.
यह जटिल शस्त्रक्रिया अस्पताल के वैद्यकीय अधीक्षक डॉ. अमोल नरोटे और विशेष कार्य अधिकारी डॉ. मंगेश मेंढे के मार्गदर्शन में की गई. नेफ्रोलॉजिस्ट डॉ. हितेश गुल्हाने, यूरो सर्जन डॉ. राहुल पोटोडे सहित विशेषज्ञ डॉक्टरों और मेडिकल स्टाफ की बड़ी टीम ने इसमें महत्वपूर्ण भूमिका निभाई. अस्पताल के डॉक्टरों, नर्सिंग स्टाफ और अन्य कर्मचारियों के समन्वय से यह सर्जरी सफल रही. इस सफल ऑपरेशन के बाद मरीज की हालत स्थिर बताई जा रही है. अस्पताल प्रशासन ने बताया कि भविष्य में भी इस तरह की जीवनरक्षक सेवाएं लगातार जारी रहेंगी, जिससे जरूरतमंद मरीजों को बेहतर और सुलभ उपचार मिल सके.





