सभी सरकारी अस्पतालों में उष्माघात कक्ष तैयार
लगातार बढती गर्मी के मद्देनजर ऐहतियाती कदम

* स्वास्थ्य महकमा पूरी तरह सतर्क, नागरिकों के नाम अलर्ट जारी
अमरावती /दि.17 – अमरावती शहर सहित जिले में धूप एवं गर्मी की तीव्रता दिनोंदिन बढती जा रही है. साथ ही विगत दिनों अमरावती शहर व जिला राज्य सहित देश में सबसे गर्म शहर भी साबित हुआ था. साथ ही साथ इस समय 40 डिग्री सेल्सीअस के अधिकतम तापमान के साथ अमरावती जिला पूरे संभाग में सर्वाधिक गर्म है. ऐसे में लोगों की बडे पैमाने पर उष्माघात का शिकार होने का खतरा बना हुआ है. इस बात को ध्यान में रखते हुए स्वास्थ्य विभाग द्वारा जिले के सभी सरकारी अस्पतालो सहित प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र में भी उष्माघात कक्ष स्थापित किए गए है. जहां पर उष्माघात से पीडित होकर पहुंचनेवाले मरीजों के इलाज हेतु तमाम आवश्यक प्रबंध भी उपलब्ध कराए गए है.
जिला स्वास्थ्य विभाग द्वारा दी गई जानकारी के मुताबिक जिला सामान्य अस्पताल, उपजिला अस्पताल व ग्रामीण अस्पताल सहित जिले के 59 प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्रों में तमाम चिकित्सा सुविधाओं के साथ उष्माघात कक्ष स्थापित किए गए है. इन उष्माघात कक्षों में ठंडे पानी, सलाईन, ऑक्सीजन, कूलर या एसी के साथ ही आवश्यक दवाईयों का स्टॉक उपलब्ध कराया गया है.
उक्ताशय की जानकारी देने के साथ ही स्वास्थ्य विभाग द्वारा कहा गया है कि, इस समय दिनोंदिन तापमान का स्तर बढ रहा है. जिसके चलते नागरिकों द्वारा अपने शारीरिक स्वास्थ्य की ओर विशेष ध्यान दिया जाना चाहिए. जिसके तहत नागरिकों ने दोपहर के समय तेज धूप में घर से बाहर निकलना टालना चाहिए, भरपूर पानी पीना चाहिए तथा सिर पर टोपी या रुमाल का प्रयोग करना चाहिए. साथ ही साथ शरीर में पानी की कमी न होने पाए. इस बात की ओर विशेष ध्यान देना चाहिए.
* जिले में ग्रीष्म लहर की चेतावनी
जिले में इस समय तापमान 40 डिग्री सेल्सीअस तक जा पहुंचा है, जो अगले कुछ दिनों के दौरान और भी अधिक बढ सकता है. इस बात को ध्यान में रखते हुए मौसम विभाग ने ग्रीष्म लहर को लेकर अलर्ट जारी किया है. जिसके मद्देनजर स्वास्थ्य विभाग के निर्देशानुसार अमरावती शहर सहित जिले के सभी सरकारी अस्पतालों व प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्रों में उष्माघात कक्ष स्थापित किया गया है.
* उष्माघात के लक्षण
जमकर बुखार आना, चक्कर आना, सिरदर्द व उलटी होना, त्वचा का गर्म व शुष्क होना, शरीर में कमजोरी महसूस होना तथा मरीज का बार-बार बेहोश होना.
* गत वर्ष केवल तीन लोगों को हुआ था उष्माघात
गत वर्ष जिले में उष्माघात के केवल तीन मरीज पाए गए थे. जिनमें अचलपुर के 2 व तिवसा के 1 मरीज का समावेश था, ऐसी जानकारी जिला स्वास्थ्य विभाग द्वारा दी गई है.
* धूप में बाहर निकलते समय बरते सावधानी
भीषण गर्मी व तेज धूप वाले इस मौसम में दोपहर 12 से 3 बजे के दौरान बाहर निकलना टाला जाना चाहिए और बेहद जरुरी रहने पर बाहर निकलते समय सिर पर टोपी या रुमाल का प्रयोग करना चाहिए. साथ ही हलके व सुती कपडे पहनने चाहिए. इसके अलावा इस मौसम के दौरान ओआरएस, नीबू पानी व छांछ का सेवन करने के साथ ही भरपूर पानी भी पीना चाहिए.
* गर्मी की तीव्रता बढने के चलते नागरिकों द्वारा आवश्यक सावधानी बरती जानी चाहिए. साथ ही उष्माघात के लक्षण दिखाई देते ही बिना विलंब किए नजदिकी अस्पताल में अपना इलाज करवाना चाहिए. सभी सरकारी अस्पतालों एवं प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्रों में ऐसे मरीजों के लिए उष्माघात कक्ष स्थापित किए गए है.
– डॉॅ. प्रवीण पारिसे
जिला स्वास्थ्य अधिकारी.





