चिंताजनक! महाराष्ट्र को टीबी ने जकड़ा
राज्य के 11 हजार गांव हाई अलर्ट पर!

* 35 दिनों में 6 हजार से अधिक नये मरीज
बीड़/दि.28 – देश को क्षयरोगमुक्त (टीबीमुक्त) करने के लिए केंद्र सरकार ने 100 दिनों का विशेष अभियान शुरू किया है. इस अभियान से चौंकाने वाली सच्चाई सामने आई है, जिसमें देश के डेढ़ लाख और अकेले महाराष्ट्र के 11,091 गांवों को क्षयरोग का खतरा बताया गया है. 24 मार्च 2026 से शुरू हुए इस अभियान के पहले 35 दिनों में ही राज्य में 6,111 नए टीबी मरीज पाए गए हैं. क्षयरोग उन्मूलन कार्यक्रम के तहत फिलहाल ‘एआई’ आधारित वीएमटीबी टूल का उपयोग किया जा रहा है. इस तकनीक के जरिए राज्य के 11,091 गांवों को ‘हाई रिस्क’ के रूप में चिन्हित किया गया है.
* डेढ़ करोड़ लोगों की होगी जांच
इस अभियान के तहत राज्य के 11 हजार गांवों में डेढ़ करोड़ लोगों की स्वास्थ्य जांच का लक्ष्य रखा गया है. अब तक 2,677 शिविरों के माध्यम से 5 लाख 49 हजार 435 लोगों का पंजीकरण किया गया है. संदिग्ध 1 लाख 14 हजार 612 लोगों की थूक जांच में 6,111 नए मरीज मिले हैं. उनकी ‘निक्षय’ ऐप पर नोंद कर उपचार शुरू किया गया है. यह 100 दिनों का कार्यक्रम है और 11 हजार गांव हाई रिस्क हैं. 14 वर्ष से ऊपर के हर व्यक्ति की जांच की जा रही है.
* जिला निहाय टीबी मरीज
यवतमाल 539, अमरावती 504, नाशिक 488, रायगढ़ 488, नागपुर 482, पुणे 479, चंद्रपुर 467, सातारा 442, गडचिरोली 433, नांदेड़ 404, अहिल्यानगर 401, रत्नागिरी 388, जळगांव 383, बुलढाणा 364, वर्धा 353, बीड 344, छत्रपति संभाजीनगर 339, कोल्हापुर 310, सोलापुर 291, अकोला 249, जालना 242, गोंदिया 239, लातूर 238, नंदुरबार 238, पालघर 231, भंडारा 226, परभणी 212, ठाणे 212, वाशिम 198, सिंधुदुर्ग 189, धाराशिव 185, सांगली 184, हिंगोली 178, धुले 171.





