अमरावती मॉडल रेल्वे स्टेशन का हो रहा कायाकल्प
प्लेटफार्म नंबर-1 पर यात्रियों की सुविधा के लिए निर्माण किया जा रहा शेड

* पार्सल ऑफिस से लेकर पुरानी इमारत को तोडा जाएगा
* सभी विभागों के कार्यालय का होगा नूतनीकरण
अमरावती/दि.19 – अमरावती मॉडल रेल्वे स्टेशन के प्लेटफार्म नंबर-1 और 2 पर वर्तमान में यात्रियों की सुविधा के लिए यात्री शेड का निर्माण किया जा रहा है. साथ ही इस मॉडल रेल्वे स्टेशन के पार्सल ऑफिस समेत अन्य पुरानी इमारतों को गिराकर सभी विभागों के नये कार्यालयों का निर्माण किया जाने वाला है. यह निर्माणकार्य मध्य रेल्वे विभाग द्वारा किया जा रहा है. इसका कार्य युद्ध स्तर पर जारी है.
देश के भूतपूर्व राष्ट्रपति प्रतिभा पाटिल के कार्यकाल में अमरावती मॉडल रेल्वे स्टेशन का निर्माण किया गया. मॉडल रेल्वे स्टेशन का निर्माण होने के बाद यहां से पुणे, मुंबई, तिरुपति, जबलपुर, नागपुर, सूरत रेल सेवा शुरु की गई. इस मॉडल रेल्वे स्टेशन पर तीन प्लेटफार्म का निर्माण हुआ है. लेकिन ट्रेनों को दोनों दिशा की तरफ जाने के लिए रेल पटरियों की सुविधा न रहने से प्लेटफार्म नंबर-1 से ही सभी ट्रेन छूटती है. ट्रेन तीनों प्लेटफार्म पर आने के बाद ग्रीष्मकाल और बारिश के दिनों में यात्रियों को बैठने के लिए शेड का अभाव रहने से काफी परेशानी का सामना करना पडता है. इस कारण रेल्वे विभाग ने प्लेटफार्म नंबर-1 व 2 पर रेल्वे ब्रिज के पास की पुरानी इमारत से अंतिम छोर तक यात्री शेड का निर्माणकार्य शुुरु किया है. दोनों प्लेटफार्म पर यह यात्री शेड खडे करना शुरु किया गया है. साथ ही पार्सल ऑफिस और अन्य विभागों की पुरानी इमारत को जमींदोज कर नई इमारतों का भी निर्माणकार्य शुरु किया जाने वाला है. वह भी तत्काल आरंभ होने वाला है, ऐसी जानकारी रेल्वे के अधिकारियों ने दी. रेल्वे अधिकारियों का कहना था कि, जो पुरानी इमारतें प्लेटफार्म पर है, उसे गिराकर विभिन्न विभागों के अधिकारियों के कक्ष नये निर्माण किये जाएंगे. तब तक उन्हें अन्य स्थान पर स्थानांतरीत किया जा रहा है. साथ ही पार्सल ऑफिस की इमारत गिराकर वहां नई इमारत का निर्माण होगा. ग्रीष्मकाल और बारिश के दिनों में यात्रियों को होने वाली परेशानी को देखते हुए शेड का निर्माण किया जा रहा है. इस कारण यात्रियों को प्लेटफार्म पर आने के बाद कोई समस्या निर्माण नहीं होगी.
* अमरावती प्लेटफार्म नंबर-1 है 750 मीटर लंबा
अमरावती मॉडल रेल्वे स्टेशन का प्लेटफार्म नंबर-1 काफी लंबा है. इसी प्लेटफार्म से सभी ट्रेनों को छोडा जाता है. यह प्लेटफार्म करीबन 754 मीटर लंबा है. रेल्वे ब्रिज के पूर्व नई इमारत तक यात्रियों के लिए शेड की सुविधा है. इस कारण ग्रीष्मकाल व बारिश के दिनों में यात्रियों को काफी परेशानी का सामना करना पडता था. यह देखते हुए रेल्वे विभाग ने अब शेड का विस्तार करते हुए उसे रेल्वे ब्रिज के दूसरे छोर से निर्माण कार्य शुरु किया है. जिससे यात्रियों को राहत मिलेगी.
* बडनेरा में भी चल रहा है निर्माण कार्य
अमृत रेल्वे योजना के तहत बडनेरा रेल्वे स्टेशन के नूतनीकरण का कार्य चल रहा है. वर्तमान में नये बुकिंग ऑफिस से प्लेटफार्म पर जाने के लिए ब्रिज का निर्माण चल रहा है. यह फुटओवर ब्रिज अब लगभग तैयार हो चुका है और लिफ्ट व एस्केलेटर का काम शुरु है.





