समाजसेवा और दानशीलता के प्रेरणास्त्रोत थे स्व.नारायणदासजी भट्टड
माहेश्वरी भवन समिति द्बारा स्मृति दिन पर भावपूर्ण आयोजन

* पारिवारिक एवं आर्थिक प्रबंधन पर भी हुआ मार्गदर्शन
धामणगांव रेलवे/दि.8– समाज के प्रति समर्पित भाव से सेवा करने वाले तथा अपनी दानशीलता के लिए सदैव स्मरण किए जाने वाले स्व. नारायणदासजी भट्टड का जीवन समाजसेवा, संस्कार और सहयोग की प्रेरणादायी मिसाल रहा. उनके कार्यो एवं विचारों को स्मरण करते हुए माहेश्वरी भवन समिति की ओर से सोमवार 7 सितंबर को स्थानीय माहेश्वरी भवन में स्व. नारायणदासजी भट्टड स्मृति दिन का आयोजन किया गया.
कार्यक्रम के प्रमुख अतिथि लक्ष्मीनारायण चांडक तथा नागपुर निवासी प्रमुख वक्ता दक्षा मानधनिया प्रमुख रूप से उपस्थित थी. मंच पर माहेश्वरी भवन समिति के अध्यक्ष विजयप्रकाश भैया, उपाध्यक्ष राजेश झंवर, सचिव आशीष मूंदडा तथा कोषाध्यक्ष राधेश्याम मूदंडा उपस्थित रहे.
प्रमुख अतिथि लक्ष्मीनारायण चांडक ने स्व. नारायणदासजी भट्टड के जीवन एवं समाज के लिए उनकी समर्पित कार्यो पर प्रकाश डाला. उन्होंने कहा कि स्व. भट्टड ने समाजसेवा को केवल जिम्मेदारी नहीं, बल्कि अपने जीवन का उद्देश्य माना. जरूरतमंदों की सहायता करने के साथ ही वे दानशीलता के लिए भी जाने जाते थे. उनका जीवन समाज के प्रति समर्पण और सेवा की भावना को आगे बढाने की प्रेरणा देता है.
कार्यक्रम की प्रमुख वक्ता दक्षा मानधनिया ने कुशल पारिवारीक एवं सामाजिक जीवन के लिए परिवार के स्वास्थ्य और आर्थिक प्रबंधन के महत्व पर प्रभावी एवं सरल भाषा में मार्गदर्शन किया. उन्होंने कहा कि परिवार को स्वस्थ एवं सुदृढ बनाए रखने के लिए स्वास्थ्य के साथ-साथ आर्थिक नियोजन भी आवश्यक है. उनकी जिम्मेदारी घर के मूखिया के साथ युवा पीढी एवं गृहिणी की भी महत्वपूर्ण होती है. उन्होंने परिवार को बेहतर भविष्य के लिए समय रहते आर्थिक प्रबंधन एवं उचित नियोजन करने की आवश्यकता पर जोर दिया.
कार्यक्रम का संचालन गणेश चांडक ने किया. जबकि आभार प्रदर्शन राजेश झंवर ने किया. कार्यक्रम में समाजबंधुओं की उपस्थिति रही. स्व. नारायणदासजी भट्टड के समाजसेवा एवं दानशीलता से जुडे कार्यो को याद करते हुए उपस्थितों ने उनके जीवन से प्रेरणा लेने का संकल्प व्यक्त किया.





