महावितरण ने बिजली चोरी के खिलाफ किया अभियान तेज
अमरावती सर्किल में बिजली चोरों पर बडी कार्रवाई

* 6,422 बिजली चोरी के मामले हुए उजागर
* महावितरण ने ठोंका 20.75 करोड रुपए का जुर्माना
अमरावती/दि.12– महावितरण ने बिजली चोरी के खिलाफ अभियान तेज कर दिया है. गत एक वर्ष में चलाए गए विशेष कार्रवाई अभियान के दौरान अमरावती सर्किल में कुल 6,422 बिजली चोरी के मामले उजागर किए गए है. इन मामलों में संबंधित उपभोक्ताओं पर कुल 20 करोड 75 लाख रुपए का जुर्माना महावितरण ने ठोंका है.
महावितरण के अनुसार बिजली चोरी के कारण बिजली की सुचारु आपूर्ति प्रभावित होती है, जिससे सामान्य उपभोक्ताओं को परेशानी उठानी पडती है. इसी कारण अमरावती परिमंडल को बिजली चोरी से मुक्त करने का निर्णय लिया गया है. इस संबंध में मुख्य अभियंता अशोक सालुंके ने अधिकारियों को बिजली चोरी के खिलाफ अभियान और अधिक तेज करने के निर्देश दिए.
* अन्य जिलों के फ्लाइंग स्क्वॉड की भी मदद
बिजली चोरी के खिलाफ अभियान को और प्रभावी बनाने के लिए दूसरे जिलों के फ्लाइंग स्क्वॉड की मदद लेने का भी निर्णय लिया गया है. इसके लिए नागपुर जोन के अन्य जिलो से फ्लाइंग स्क्वॉड भेजने की मांग करते हुए सिक्योरिटी एवं विजिलेंस विभाग के डिप्टी डायरेक्टर को पत्र भेजा गया है.
* हर माह 2,400 मामलें पर करनी होगी कार्रवाई
बिजली चोरी रोकने के लिए जोन के प्रत्येक विभाग को हर महिने कम से कम 300 प्रकरण पकडने का लक्ष्य दिया गया है. इसके अनुसार प्रत्येक विभाग को बिजली चोरी के खिलाफ कार्रवाई से प्रति माह लगभग तीन करोड रुपए का राजस्व मिलने की उम्मीद है. महावितरण जोन के अंतर्गत कुल 8 विभाग कार्यरत है, जिनमें अमरावती और यवतमाल जिलों के 4-4 विभाग शामिल है. इन सभी विभागों को मिलकर हर महिने 2,400 मामलों पर कार्रवाई करनी होंगी.
* बिजली चोरी दंडनीय अपराध है
मुख्य अभियंता अशोक सालुंके ने कहा कि, बिजली चोरी एक दंडनीय अपराध है और बिना अनुमति बिजली का उपयोग करने से सिस्टम पर अतिरिक्त भार पडता है, जिससे बिजली आपूर्ति में रुकावटे आती है. उन्होंने नागरिकों से अपील की है कि, वे बिजली चोरी से बचे और कार्रवाई के लिए आनेवाली टीम को सहयोग करेें. उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि, अभियान में बाधा उत्पन्न करनेवालों के खिलाफ मामला दर्ज कर कडी कार्रवाई की जाएगी.
* अमरावती जोन में 223 फ्लाइंग स्क्वॉड तैनात
इस अभियान के लिए अमरावती जोन में कुल 223 स्क्वॉड तैनात किए गए है. इनमें 210 ब्रांच ऑफीस टीम, 8 डिविजनल टीम, सिक्युरिटी एवं एनफोर्समेंट विभाग की 3 टीम तथा रउअऊअ विभाग की 2 टीम शामिल है.