सर्वज्ञ फाऊंडेशन की ‘रोटी बैंक प्याऊ’ के 100 दिन पुरे
दानविरों के सहयोग बुझाई प्यासों की प्यास

अमरावती /दि.16– भीषण गर्मी और पानी के लिए भटकते नागरिकों को राहत देने के लिए सर्वज्ञ फाऊंडेशन द्वारा शुरू किए गए ‘रोटी बैंक प्याऊ’ अभियान ने 100 दिन का ऐतिहासिक पडाव पुरा कर लिया है.
10 मार्च से 17 जून 100 दिन का संघर्षपूर्ण सफर ः सिर्फ 10 कैन से शुरू हुआ यह प्याऊ 100 दिन तक लगातार चलता रहा. 45 डिग्री तापमान, आंधी-तुफान, बारीश, आर्थिक तंगी जैसी कई मुश्किलों से लडते हुए इस प्याऊ ने रोजाना 500 से अधिक लोगों की प्यास बुझाई. 10 कैन से शुरू हुई सेवा यात्रा आज सैकडों कैन तक पहुंच गई है. गांधी चौक से शुरू यह प्याऊ पिछले 100 दिनों से अविरत सेवा दे रहा है.
सेवा में संघर्ष और जज्बा ः शुरुआती दिन बहुत कठिन थे. लोगों की कमी, कैन का इंतजाम, रोज 3-4 घंटे का समय और तेज धुप में खडे रहना बडी चुनौति थी. तभी पानी की कैन समय पर नहीं मिलती थी, तो कभी स्वयं सेवक नहीं मिलते थे. आर्थिक परेशानियां भी आई. लेकिन प्यासे को पानी पिलाना ही सबसे बडा पुण्य है. इस सोच के साथ संस्थापक मनिष पावडे और उनकी टीम ने यह सेवा रूकने नहीं दी.
दानवीरों का अमूल्य सहयोग ः इन 100 दिनों की यात्रा में कई गुप्तदान करनेवाले दानवीर आगे आए. किसी ने 2-5 कैन दिए तो किसी ने 10-20 तो किसी ने 1, 2, 5, 10 दिन का खर्च उठाया. अधिक मास के पवित्र महिने मेें तो लोगों ने दिल खोलकर मदद की.
सोशल मीडिया के दानविरों का बडा योगदान ः इस सेवा यात्रा में कई वॉट्सअप और फेसबुक ग्रुप के सेवादार दानविरों ने बडी मदद की. संस्था ने उनका तहे दिल से आभार माना है. कई लोगों ने ग्रुप पर अपील देखकर गुप्तदान किया. आपकी 50 रूपये की दो कैन भी मदद में मायने रखती है. यह संदेश सोशल मीडिया से घर-घर तक पहुंचा और जबरदस्त रिस्पॉन्स मिला. शहरवासियों के सहयोग से 100 दिन पुरे हुए है. संस्थापक मनीष रमेशराव पावडे ने कहा कि यह सिर्फ दानविरों की वजह से संभव हुआ. 3 महिनों से ज्यादा समय तक रोज धुप में खडे रहकर सेवा देना आसान नहीं था. लेकिन लोगोें के चेहरे पर संतुष्टी देखकर सारी थकान मिट जाती थी. शहरवासियों का साथ ऐसे ही रहा तो इस अभियान को आगे भी जारी रखने का हमारा इरादा है.
सर्वज्ञ फाऊंडेशन रोटी बैंक की 9 साल की सेवा परंपरा ः पुर्व पार्षद स्व. रमेशजी पावडे की प्रेरणा से मनीष-वैशाली पावडे ने 6 जून 2018 को सर्वज्ञ फाऊंडेशन रोटी बैंक की स्थापना की थी. पिछले 9 सालों से यह संस्था गरीब, बेघर, बुजुर्ग, दिव्यांग, निराधार और भुखे लोगों के लिए लगातार काम कर रही है.
संस्था के नियमित कार्य ः अन्नदान, वस्त्रदान, गर्मीयों में चप्पल का वितरण, सर्दीयों में कंबल व स्वेटर का वितरण, औषधियों का वितरण, स्कूल सामग्री वितरण आदी संस्था के नियमित कार्य है. कोरोना काल में किए गए विशेष कार्य के लिए संस्था को महाराष्ट्र स्तर पर कई पुरस्कारों से सम्मानित किया जा चुका है.





