विधायक गजानन लवटे ने दर्यापुर आगार में दी आकस्मिक भेंट
यात्रियों की अनेक शिकायतों पर पहुंचे खबर लेने

दर्यापुर/दि.22– तब आगार के कर्मचारियों ने आगार व्यवस्थापक आशीष बाहुलकर के मनमाने कारोबार को लेकर शिकायतें विधायक के सामने रखीं. दर्यापुर डेपो के डेपो मैनेजर दर्यापुर के ही निवासी होने के कारण तानाशाही तरीके से कर्मचारियों के साथ बर्ताव करने का आरोप किया गया.
आरोप है कि, अपना परफॉर्मेंस अच्छा रखने के लिए कर्मचारियों का आर्थिक नुकसान कर रहे हैं, जैसे छुट्टी बिना वेतन के मंजूर करना, छुट्टी पेंडिंग रखना और दो महीने का समय बीत जाने पर उन छुट्टियों को गायब कर देना. इस बारे में सवाल पूछने पर उस कर्मचारी को झूठे मामले में फंसाकर दंडात्मक कार्रवाई की जाती है. इस संबंध में अपनी पीड़ा कर्मचारियों ने विधायक गजानन लवटे के सामने रखी, तब डेपो मैनेजर ने टालमटोल वाले जवाब दिए. साथ ही अंजनगांव की रोजाना दो से तीन बस फेरियां रोजाना रद्द हो रही हैं, जिससे यात्रियों को असुविधा हो रही है. इस बारे में विधायक ने सवाल पूछा तो कर्मचारियों की वजह से होता है, ऐसी गलत जानकारी दी.
बताया जाता है कि अंजनगांव की फेरियां रद्द कर अकोट और अमरावती के लिए ज्यादा फेरियां निकाली जाती हैं. एसटी के चालक, वाहक और यांत्रिक कर्मचारी इस समय 43-44 डिग्री तापमान में यात्री सेवा दे रहे हैं. ऐसी परिस्थिति में डेपो मैनेजर आर्थिक नुकसान कर रहे हैं. धमकाने जैसा बर्ताव कर रहे हैं, जिससे कर्मचारियों में आक्रोश पैदा हो गया है. इसी के परिणामस्वरूप 2 महीने पहले मानकर ने विभागीय कार्यालय अमरावती में अपने साथियों के साथ आमरण अनशन किया था. डेपो मैनेजर बाहुलकर को दर्यापुर डेपो में 3 साल पूरे हो गए हैं, उनका प्रशासनिक तबादला होना जरूरी है और उनके तानाशाही रवैये के कारण कर्मचारियों ने तबादले की मांग की.इस दौरान युवासेना जिला प्रमुख अंकुश पाटिल कावडकर ने भी बसों की अनियमितता को लेकर आगार व्यवस्थापक बाहुलकर को खूब खरी-खोटी सुनाई. विधायक साहब ने कर्मचारियों की समस्याएं सुनकर न्याय दिलाने का आश्वासन दिया.इस पर उपस्थित रमेश मानकर, दिनेश गवई, आशीष उखलकर, सचिन वडालकर, योगेश कोकाटे आदि कर्मचारियों ने विधायक का आभार माना. इस समय युवासेना जिला प्रमुख अंकुश पाटिल कावडकर, शिवसेना विधानसभा संगठक बबनराव विल्हेकर, युवासेना तालुका प्रमुख सागर गिरे, किशोर टाले, गुणवंत पाटिल गावंडे, दीपक बगाडे, गोपाल खलोकर, अनिकेत खाडे तथा शिवसैनिक उपस्थित थे.





