दोषपूर्ण वेंटिलेटर सप्लाई करने वाली कंपनी को किया जाए ब्लैकलिस्ट
सांसद बलवंत वानखडे ने सीएम फडणवीस से मिलकर की मांग

* सीएम फडणवीस ने मांग पर दिया सकारात्मक आश्वासन
अमरावती/दि.26- अमरावती के जिला स्त्री अस्पताल में नवजात शिशु अतिदक्षता विभाग (एनआईसीयू) में हुई भीषण अग्निकांड की घटना के बाद अमरावती के सांसद बलवंत वानखड़े ने राज्य सरकार के समक्ष महत्वपूर्ण मांग उठाई है. सांसद वानखड़े ने कहा कि इस दुर्घटना के लिए जिम्मेदार माने जा रहे वेंटिलेटर की आपूर्ति करने वाली कंपनी को तत्काल ब्लैकलिस्ट किया जाए तथा उसके खिलाफ कठोर कार्रवाई की जाए, ताकि भविष्य में राज्य के किसी भी अन्य अस्पताल में ऐसी दुखद घटना दोबारा न हो.
सांसद वानखड़े ने बताया कि उन्होंने यह मांग सीधे मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस के समक्ष रखी है. मुख्यमंत्री ने इस मांग को गंभीरता से लेते हुए सकारात्मक रुख अपनाया है. वानखड़े के अनुसार, यदि प्रारंभिक जांच में यह सामने आता है कि वेंटिलेटर या उससे संबंधित उपकरणों में तकनीकी खामी थी, तो संबंधित कंपनी के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जानी चाहिए. उन्होंने कहा कि अमरावती के जिला स्त्री अस्पताल में हुई घटना ने पूरे राज्य को झकझोर कर रख दिया है. ऐसी स्थिति में केवल जांच समितियां गठित करना पर्याप्त नहीं होगा, बल्कि दोषियों की जवाबदेही तय करते हुए भविष्य के लिए ठोस कदम उठाना भी आवश्यक है.
सांसद वानखड़े ने कहा कि राज्य के विभिन्न सरकारी अस्पतालों में यदि इसी कंपनी के वेंटिलेटर या अन्य उपकरण स्थापित हैं, तो उनकी भी तत्काल तकनीकी जांच कराई जानी चाहिए. यदि उपकरणों में किसी प्रकार की खामी पाई जाती है, तो उन्हें तुरंत बदलकर सुरक्षित और उच्च गुणवत्ता वाले उपकरण लगाए जाएं. उन्होंने कहा कि सरकार की पहली जिम्मेदारी मरीजों, विशेषकर नवजात शिशुओं और गंभीर रोगियों की सुरक्षा सुनिश्चित करना है. किसी भी कंपनी की लापरवाही या दोषपूर्ण उपकरणों के कारण निर्दोष लोगों की जान जाना बेहद दुर्भाग्यपूर्ण है और इसे किसी भी कीमत पर बर्दाश्त नहीं किया जा सकता.
सांसद वानखड़े ने उम्मीद जताई कि सरकार इस मामले में कठोर निर्णय लेकर न केवल दोषियों पर कार्रवाई करेगी, बल्कि राज्यभर के अस्पतालों में चिकित्सा उपकरणों की गुणवत्ता और सुरक्षा व्यवस्था की भी व्यापक समीक्षा करेगी, ताकि भविष्य में ऐसी दर्दनाक घटनाओं की पुनरावृत्ति रोकी जा सके.





