मेलघाट टाइगर रिजर्व के चेकपोस्टों की होगी जांच
मुख्य वनसंरक्षक ने सात दिनों में रिपोर्ट देने के दिए निर्देश

सीसीटीवी और रजिस्टर की भी होगी जांच
चिखलदरा/दि.1 – मेलघाट टाइगर रिजर्व के अंतर्गत आने वाले वन चेकपोस्टों और धारणी-हरिसाल मार्ग पर कथित लापरवाही को लेकर वन विभाग ने गंभीरता दिखाई है. नागपुर के प्रधान मुख्य वनसंरक्षक (वन्यजीव) एम. श्रीनिवास रेड्डी ने पूरे मामले की जांच के आदेश दिए हैं.
इस संबंध में संबंधित वन अधिकारियों को पत्र जारी कर मेलघाट टाइगर रिजर्व के सभी चेकपोस्टों की जांच करने के निर्देश दिए गए हैं. जांच के दौरान यदि किसी प्रकार की अनियमितता या लापरवाही सामने आती है तो संबंधित कर्मचारियों के खिलाफ अनुशासनात्मक कार्रवाई का प्रस्ताव भेजने को कहा गया है.
* 24 घंटे सक्रिय रहेंगे चेकपोस्ट
वन विभाग को निर्देश दिया गया है कि मेलघाट टाइगर रिजर्व के सभी वन चेकपोस्ट 24 घंटे पूरी क्षमता के साथ कार्यरत रहें. चेकपोस्ट पर तैनात कर्मचारियों की संख्या, सीसीटीवी कैमरे, रजिस्टर, टॉर्च, सोलर लाइट और वायरलेस जैसी सुविधाओं की स्थिति की जानकारी भी निर्धारित प्रारूप में प्रस्तुत करनी होगी.
* सात दिनों में देनी होगी रिपोर्ट
चेकपोस्टों की कार्यप्रणाली को अधिक पारदर्शी और प्रभावी बनाने के लिए की गई जांच तथा कार्रवाई की विस्तृत रिपोर्ट सात दिनों के भीतर जमा करने के निर्देश दिए गए हैं. इसके अलावा सभी चेकपोस्टों पर लगे सीसीटीवी कैमरों को 24 घंटे चालू रखने और उनकी रिकॉर्डिंग सुरक्षित रखने को कहा गया है. खराब कैमरों की तत्काल मरम्मत कराने तथा वरिष्ठ अधिकारियों को अचानक निरीक्षण कर वाहनों की जांच करने के निर्देश भी दिए गए हैं. वाहनों के आवागमन का उचित रिकॉर्ड रखने पर भी जोर दिया गया है.
* संदिग्ध वाहनों और वन सामग्री की होगी जांच
जंगल से लाई जा रही वन सामग्री अथवा संदिग्ध वाहनों की जांच उनके पास मौजूद कानूनी दस्तावेजों के आधार पर करने के निर्देश दिए गए हैं. साथ ही जांच के दौरान आम नागरिकों को अनावश्यक परेशानी न हो, इसका भी ध्यान रखने को कहा गया है. वन विभाग के इस कदम से चेकपोस्ट व्यवस्था में सुधार और निगरानी बढ़ने की उम्मीद है.





