7 दिनों से युवती लापता, शिवराय कुलकर्णी का कोतवाली में ठिया
पुलिस प्रशासन के खिलाफ जताई नाराजगी

* युवती की तत्काल तलाश की मांग
अमरावती/दि.3- शहर में एक युवती के लापता होने के मामले में सात दिन बीत जाने के बावजूद उसका कोई सुराग नहीं मिलने पर बीजेपी नेता शिवराय कुलकर्णी ने कोतवाली पुलिस थाने में ठिया आंदोलन शुरू कर दिया. युवती को जल्द से जल्द तलाश कर उसके परिजनों के हवाले करने की मांग करते हुए उन्होंने स्पष्ट किया कि जब तक युवती का पता नहीं चलता, तब तक वे पुलिस स्टेशन से नहीं हटेंगे. कुलकर्णी पहले भी राजापेठ और बडनेरा थानों में इस प्रकार के आंदोलन कर चुके हैं. उनके आवाज उठाने के बाद पुलिस प्रशासन हरकत में आया और आनन-फानन में संबंधित युवतियों की खोजबीन की गई.
ताजा प्रकरण के अनुसार 27 सितंबर को एक युवती अचानक लापता हो गई थी. युवती के परिजनों ने उसी दिन कोतवाली पुलिस में शिकायत दर्ज कराई थी. आरोप है कि बडनेरा की पुरानी बस्ती के चमन नगर निवासी दानिश नवाज नामक युवक युवती को बहला-फुसलाकर अपने साथ ले गया और उसका अपहरण किया है. हालांकि, इन आरोपों की आधिकारिक पुष्टि होना बाकी है.
युवती के माता-पिता अत्यंत गरीब परिवार से हैं. अपनी बेटी के लापता होने के बाद से वे लगातार उसकी तलाश को लेकर चिंतित हैं. शिवराय कुलकर्णी का आरोप है कि शिकायत दर्ज होने के सात दिन बाद भी पुलिस की ओर से मामले में अपेक्षित कार्रवाई नजर नहीं आई. उनका कहना है कि पुलिस को संबंधित युवक के घर जाकर पूछताछ करनी चाहिए थी, लेकिन अब तक इस दिशा में कोई ठोस कदम उठाए जाने की जानकारी सामने नहीं आई है.
* ‘सात दिन बहुत होते हैं, युवती को तुरंत तलाश करें’
भाजपा नेता शिवराय कुलकर्णी ने पुलिस प्रशासन के कामकाज पर नाराजगी जताते हुए कहा कि सात दिन बीत जाने के बाद भी युवती कहां है, किस हालत में है और उसके साथ क्या हुआ है, इसकी कोई जानकारी नहीं है. ऐसे में उसके माता-पिता की चिंता लगातार बढ़ती जा रही है. उन्होंने पुलिस से तत्काल प्रभाव से खोजबीन तेज करने और युवती को सुरक्षित वापस लाने की मांग की. उन्होंने स्पष्ट शब्दों में कहा कि जब तक लापता युवती का पता नहीं चलता, तब तक वे कोतवाली पुलिस थाने में ही बैठे रहेंगे. उनके ठिया आंदोलन के बाद पुलिस प्रशासन हरकत में आया और मामले में खोजबीन शुरू किए जाने की जानकारी सामने आई है.
* वरिष्ठ अधिकारियों से बातचीत की दी चेतावनी
भाजपा नेता शिवराय कुलकर्णी ने बताया कि फिलहाल उन्होंने वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों से बातचीत नहीं की है. उनका कहना है कि थाना प्रभारी की जिम्मेदारी है कि वे मामले की गंभीरता को देखते हुए वरिष्ठ अधिकारियों को सूचित करें. यदि दोपहर तक पुलिस की ओर से कोई ठोस हलचल दिखाई नहीं देती है, तो वे वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों से संपर्क करेंगे. इस मामले में लापता युवती की सुरक्षित बरामदगी को लेकर परिजनों और आंदोलनकारियों की चिंता बनी हुई है. अब देखना होगा कि पुलिस प्रशासन युवती की तलाश के लिए क्या कदम उठाता है और उसे कब तक सुरक्षित खोज निकालता है.





