फर्जी जात प्रमाणपत्र पर वैद्यकीय शिक्षा पूरी करनेवाले को 10 लाख का जुर्माना
सुप्रीम कोर्ट का फटका, वंचितों को मिलेगी रकम

अमरावती / दि.11 – अनुसूचित जाति के आरक्षित जगह पर फर्जी जात प्रमाणपत्र के आधार पर वैद्यकीय शिक्षा पूरी करनेवाले अपीलकर्ता दोनों की जात प्रमाणपत्र रद्द करके सर्वोच्च न्यायालय ने 10 लाख रूपए विद्यापीठ के कुलगुरू के पास जमा करने के आदेश दिए है. यह रकम वैद्यकीय प्रवेश से वंचित हुए आादिवासी उम्मीदवार के नाम जमा की जायेगी. सर्वोच्च न्यायालय के न्यायमूर्तिद्बय दीपांकर दत्ता व राजेश बिंदल की खंडपीठ ने धारा 142 के अधिकार का उपयोग कर 25 फरवरी को निर्णय दिया है.
* इस विद्यालय से पूरी की वैद्यकीय शिक्षा
विवेककुमार सायन्ना आडपोड ने भन्नेरवारलू जमाती के जात प्रमाणपत्र पर स्वामी रामानंद तीर्थ ग्रामीण शासकीय वैद्यकीय महाविद्यालय अंबाजोगाई में एमबीबीएस में प्रवेश लेकर शिक्षा पूरी की. सचिन देवराज धोत्रे ने ‘कोली महादेव ’ जमाती के जात प्रमाणपत्र पर विखै- पाटिल वैद्यकीय महाविद्यालय में शिक्षा पूरी की है.





