मेलघाट की जंगलों में भीषण आग
वन संपदा खाक, वन्यजीवों का अस्तित्व खतरे में!

चिखलदरा/दि.21- मेलघाट के धारणी और चिखलदरा तहसील के वन विभाग तथा व्याघ्र प्रकल्प के जंगलों में बुधवार सुबह से भीषण आग लगने की घटना सामने आई है. इस बार मेलघाट में असामान्य रूप से बड़ा वन क्षेत्र आग की चपेट में आ गया है, जिससे बड़ी मात्रा में वन संपदा जलकर खाक हो रही है. इस भीषण आग के कारण मूल्यवान वनस्पति, वन्यजीव और पर्यावरण को भारी नुकसान हो रहा है और कई क्षेत्रों में आग अभी भी जल रही है.
इस गंभीर स्थिति की जानकारी ‘खोज’ संस्था के एड. बंड्या साने ने व्याघ्र प्रकल्प की क्षेत्र संचालक जयोति बैनर्जी को दी. जंगल में लगी इस बड़ी आग की गंभीरता को देखते हुए क्षेत्र संचालक ने मेलघाट के धारणी, चिखलदरा और परतवाड़ा के सभी उपवन संरक्षकों सहित वन क्षेत्र अधिकारियों और कर्मचारियों को युद्धस्तर पर आग पर नियंत्रण पाने के आदेश दिए हैं.
* रोरा, सेमाडोह सहित कई क्षेत्रों में वन आग!
धारणी और चिखलदरा तहसील के रोरा, भवई, सेमाडोह, एकताई, हतरू, मांगिया जैसे क्षेत्रों में जंगल में आग लगने की जानकारी एड. बंड्या साने ने बातचीत में दी. विशेष रूप से भवई से सेमाडोह के बीच दुर्गम क्षेत्र में आग ने भयंकर रूप ले लिया है. इस आग की चपेट में मेलघाट का बड़ा वन क्षेत्र आने से वन्यजीवों का जीवन भी खतरे में पड़ गया है.
* अतिरिक्त व्यवस्था की आवश्यकता
फिलहाल मेलघाट में आग की स्थिति अत्यंत चिंताजनक और गंभीर बनी हुई है. वन विभाग से मांग की जा रही है कि वह तुरंत जमीन पर उतरकर अतिरिक्त जनशक्ति, आधुनिक अग्निशमन उपकरण और सभी आवश्यक संसाधन उपलब्ध कराए, ताकि आग को जल्द से जल्द नियंत्रित किया जा सके और बड़े नुकसान को रोका जा सके.





