महाराष्ट्र के सात शहरों में बनेंगे छात्रावास
जैन छात्रों को बड़ी सौगात

मुंबई /दि.7– जैन समुदाय के विद्यार्थियों के लिए राज्य सरकार ने बड़ी पहल करते हुए महाराष्ट्र के सात शहरों में छात्रावास स्थापित करने का निर्णय लिया है. यह फैसला जैन अल्पसंख्यक विकास वित्त महामंडल के संचालक मंडल की चौथी बैठक में लिया गया. बैठक की अध्यक्षता महामंडल के अध्यक्ष ललित गांधी ने मुंबई स्थित सह्याद्री अतिथि गृह में की.
निर्णय के अनुसार मुंबई, पुणे, नवी मुंबई, नासिक, नागपुर, छत्रपति संभाजीनगर और कोल्हापुर में जैन विद्यार्थियों के लिए छात्रावास बनाए जाएंगे, जिससे उच्च शिक्षा प्राप्त करने वाले छात्रों को आवास की बेहतर सुविधा मिल सकेगी. बैठक में ‘मराठी जैन साहित्य विश्वकोश’ तैयार करने के लिए समयबद्ध कार्यक्रम बनाने का भी निर्णय लिया गया. साथ ही कौशल विकास विभाग के सहयोग से जैन युवाओं के लिए स्किल डेवलपमेंट प्रशिक्षण, मुख्यमंत्री रोजगार सृजन योजना सहित विभिन्न रोजगार योजनाओं का लाभ पहुंचाने के लिए विशेष अभियान चलाने पर सहमति बनी.
महामंडल के अध्यक्ष ललित गांधी ने बताया कि महिलाओं को कुटीर उद्योग स्थापित करने के लिए 10 हजार रुपये से 1 लाख रुपये तक का ब्याजमुक्त ऋण उपलब्ध कराया जाएगा, ताकि वे स्वरोजगार के माध्यम से आर्थिक रूप से आत्मनिर्भर बन सकें. बैठक में प्रबंध निदेशक मेघना शिंदे, महिला एवं बाल विकास विभाग की गौरी डोंडे, वित्त विभाग की रचना आनंद माली, समन्वयक संदीप भंडारी तथा महामंडल के सदस्य रावसाहेब पाटिल, सुनील पाटनी, विकास अच्छा, अमित जैन, दर्शन जैन, विश्वजीत कोल्हापुरी और प्रशांत गौड़ाजे सहित अन्य पदाधिकारी उपस्थित थे.





