अंनिस की पाक्षिक बैठक उत्साहपूर्ण वातावरण में संपन्न
अंधश्रद्धा निर्मूलन, वैज्ञानिक दृष्टिकोण और संगठन विस्तार पर जोर

अमरावती/दि.13- महाराष्ट्र अंधश्रद्धा निर्मूलन समिति (अंनिस) की अमरावती जिला एवं शहर शाखा की पाक्षिक बैठक शनिवार को राधा नगर स्थित गुरुदेव सेवाश्रम में उत्साहपूर्ण, अनुशासित और विचारमंथनपूर्ण वातावरण में संपन्न हुई. बैठक में अंधश्रद्धा उन्मूलन, वैज्ञानिक दृष्टिकोण के प्रसार, विवेकवादी विचारों के प्रचार-प्रसार तथा संगठन विस्तार को लेकर व्यापक चर्चा की गई.
बैठक की अध्यक्षता जिला उपाध्यक्ष डॉ. सतीश तराल ने की. इस अवसर पर राज्य प्रधान सचिव गजेंद्र सुरकार ने कार्यकर्ताओं का मार्गदर्शन करते हुए समाज में वैज्ञानिक सोच विकसित करने और अंधविश्वास के खिलाफ जनजागरण को और प्रभावी बनाने का आह्वान किया. बैठक में जिला उपाध्यक्ष प्रमोद कोलमकर, संविधान जागर विभाग के राजीव बसवनाथे, वरिष्ठ कार्यकर्ता लक्ष्मण तडस तथा नरेंद्र धर्माले सहित बड़ी संख्या में पदाधिकारी और कार्यकर्ता उपस्थित थे.
बैठक की शुरुआत विस्तारित जिला कार्यकारिणी की बैठक में लिए गए निर्णयों, विभिन्न शाखाओं की गतिविधियों और संगठनात्मक कार्यों की समीक्षा से हुई. इस दौरान जिला एवं शहर शाखा द्वारा पिछले दिनों आयोजित सामाजिक, प्रबोधनात्मक और जनजागृति कार्यक्रमों का विस्तृत ब्यौरा प्रस्तुत किया गया. कार्यकर्ताओं ने विभिन्न क्षेत्रों में चलाए जा रहे अभियान, जनसंपर्क कार्यक्रम और संगठन विस्तार के प्रयासों की जानकारी साझा की. साथ ही आगामी महीनों में आयोजित किए जाने वाले कार्यक्रमों की रूपरेखा भी तय की गई.
बैठक में महाराष्ट्र नरबली एवं अन्य अमानवीय, अनिष्ट तथा अघोरी प्रथाओं एवं काला जादू प्रतिबंधक कानून के प्रभावी क्रियान्वयन पर विशेष चर्चा हुई. कार्यकर्ताओं ने इस कानून के बारे में आमजन में जागरूकता बढ़ाने तथा प्रशासन के साथ बेहतर समन्वय स्थापित करने की आवश्यकता पर बल दिया. सदस्यों ने कहा कि समाज में व्याप्त अंधविश्वास, बुवाबाजी और तथाकथित चमत्कारों के खिलाफ व्यापक जनजागरण अभियान चलाकर वैज्ञानिक दृष्टिकोण को मजबूत करना समय की आवश्यकता है.
बैठक में निर्णय लिया गया कि वैज्ञानिक सोच और विवेकवादी विचारधारा को गांव-गांव तक पहुंचाने के लिए विशेष अभियान चलाए जाएंगे. इसके तहत जनसंवाद, व्याख्यान, कार्यशालाएं और प्रबोधन कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे. संगठन विस्तार को गति देने के लिए नई शाखाओं की स्थापना तथा युवाओं को बड़ी संख्या में जोड़ने पर भी जोर दिया गया.
बैठक में आगामी कार्यक्रमों की घोषणा करते हुए बताया गया कि 9 अगस्त को गुरुदेव सेवाश्रम में तुकडोजी महाराज और अंधश्रद्धा निर्मूलन विषय पर विशेष परिसंवाद आयोजित किया जाएगा. इसमें विभिन्न क्षेत्र के विचारवंत, सामाजिक कार्यकर्ता और अंधश्रद्धा निर्मूलन आंदोलन से जुड़े लोग भाग लेंगे. इसके अलावा बुवाबाजी विरोधी संघर्ष परिषद, लेखन-वाचन कार्यशालाएं तथा विभिन्न जनजागृति कार्यक्रमों का आयोजन करने का निर्णय भी सर्वसम्मति से लिया गया.
बैठक के अंत में वक्ताओं ने कहा कि अंधविश्वास मुक्त, वैज्ञानिक और विवेकशील समाज निर्माण के लिए सामूहिक प्रयासों की आवश्यकता है. समाज में फैली कुरीतियों और अंधश्रद्धाओं के खिलाफ लगातार जागरूकता अभियान चलाकर ही सकारात्मक सामाजिक परिवर्तन लाया जा सकता है. कार्यक्रम का समापन संगठन को और मजबूत बनाने तथा वैज्ञानिक दृष्टिकोण के प्रसार के संकल्प के साथ हुआ.





