हेलमेट सख्ती के अलावा रास्तों पर पडे गड्ढों पर भी ध्यान

राजवीर जनहित संगठन के अध्यक्ष ने की मांग

अमरावती/दि.31-राजवीर जनहित संगठन के संस्थापक अध्यक्ष रहमत खान उर्फ रम्मू पत्रकार ने राजापेठ दुर्घटना मामले पर दुख जताते हुए कहा है कि हेलमेट सख्ती से पहले शहर के विविध स्थलों का विकास हेतु होना जरूरी है. शहर में जगह-जगह बडे-बडे जानलेवा गड्ढों से शहर की जनता पहले ही परेशान है. इसके अलावा जगह-जगह स्पीड ब्रेकर होने से बार-बार लोगों को अपने फोर व्हीलर, टू व्हीलर वाहनों को बार-बार ब्रेक लगाने पडते हे. जिसके चलते दुर्घटना की आशंका बनी रहती है. अब शहर में हेलमेट लगाना अनिवार्य कर दिया गया है. जिसके कारण यदि वाहन चालक हेलमेट लगाते है तो उसके दोनों साइड जैसे लेफ्ट और राईट पीछे से आगे वाहन दिखाई नहीं देते. वहीं हेलमेट कान पर रहने के कारण हॉर्न की आवाज सुनाई नहीं देती. जिसके कारण हडबडी में दुर्घटनाओं का सामना करना पडता है. रहमत खान ने यह भी बताया है कि हेलमेट नेशनल हाईवे पर होना जरूरी है. 5 से 6 किलोमीटर शहर के दायरे में हेलमेट का क्या उपयोग है. शहर के बडे-बडे गड्ढों की जिम्मेदारी स्थानीय निकाय संस्थाओं पर तो ठीक है परंतु हेलमेट सख्ती लागू करना यह कहां तक ठीक है. रहमत खान ने कहा है कि जान बचाने हेतु हेलमेट होना भी जरूरी है. परंतु सबसे पहले शहर का विकास भी होना जरूरी है. अमरावती शहर, नागपुर, मुंबई, इंदौर जैसे बडी-बडी सीटी नहीं है. राजापेठ दुर्घटना में हेलमेट पहना हुआ था. फिर भी दुर्घटना में दो महिलाओं की जान चली गई. हेलमेट की सख्ती से पहले शहर की यातायात व्यवस्था को भी सुधारना चाहिए.

Back to top button