विदर्भ के नंदनवन चिखलदरा में उमडा पर्यटकों का सैलाब

रिमझिम बारिश, झरनों की गूंज और बादलों का उठाया आनंद

* विकेंड पर पहुंचे 50 हजार से अधिक पर्यटक
* कानून व सुव्यवस्था बनाए रखने सडक पर उतरे प्रभारी थानेदार प्रवीणकुमार पाटिल
चिखलदरा/दि.4- अगस्त माह के पहले विकेंड पर प्रकृति ने जैसे पर्यटन स्थल चिखलदरा को अपने सबसे खुबसूरत रुप में सजा दिया. रिमझिम बारिश, बादलों की चादर में लिपटी पहाडियां, दुधियां झरनों की कल-कल, हरियाली से सराबोर घाटियां और ठंडी हवाओं ने हजारों पर्यटकों को अपनी ओर आकर्षित कर लिया.
शुक्रवार 31 जुलाई से रविवार 2 अगस्त तक करीब 50 हजार पर्यटक विदर्भ के नंदनवन चिखलदरा पर्यटन स्थल पर पहुंचे और यहां रिमझिम बारिश, झरनों की गूंज और बादलों का आनंद उठाया. रविवार 2 अगस्त को लगभग 25 हजार पर्यटकों ने चिखलदरा की वादियों में दिन बिताया. तीन दिनों में करीब 5 हजार वाहनों की एंट्री दर्ज की गई. जिनमें 2 हजार वाहन केवल रविवार को यहां पहुंचे.
दर्शनीय स्थल पर रही पर्यटकों की चहल-पहल : चिखलदरा के भीमकुंड, देवी पॉइंट, हरिकेन पॉइंट, पंचपोल, मोझरी पॉइंट, गाविलगड किला और अन्य दर्शनीय स्थलों पर दिनभर पर्यटकों की चहल-पहल बनी रही. कई परिवार बादलों के बीच सेल्फी लेते नजर आए, तो कहीं युवा झरनों के साथ यादगार तस्वीरे कैद करते हुए दिखाई दिए. पहाडियों से उठती धुंध और बारिश की फुआरों ने ऐसा मनमोहक वातावरण बनाया कि, पर्यटक देर शाम तक इन प्राकृतिक नजारों में खोए रहे. कई पर्यटकों ने कहा कि, मानसून में चिखलदरा की खुबसूरती किसी भी बडे हिल स्टेशन से कम नहीं है.
तीन दिनों में 4.25 लाख का राजस्व : पर्यटकों की भारी भीड से चिखलदरा नगर पालिका को तीन दिनों में लगभग 4.25 लाख रुपए का राजस्व प्राप्त हुआ. हालांकि, इतनी बडी संख्या में पर्यटकों के बावजूद पार्किंग, शौचालय, पेयजल और अन्य मूलभूत सुविधाओं की कमी महसूस की गई. पर्यटकों ने सुझाव दिया कि, पर्यटन से होनेवाली आय का उपयोग सुविधाओं के विस्तार पर भी किया जाए, ताकि चिखलदरा देश के प्रमुख मानसून पर्यटन स्थलों में अपनी अलग पहचान बना सके.
देवी पॉइंट हादसे ने सुरक्षा पर उठाए सवाल : विकेंड की खुशियों के बीच देवी पॉइंट पर एक हादसे ने चिंता भी बढा दी. झूले से गिरकर भारत भुजराज मेश्राम (26, हिवरा बु., तह. नांदगांव खंडेश्वर) गंभीर रुप से घायल हो गए. प्राथमिक उपचार के बाद उन्हें अमरावती रेफर किया गया. इस घटना के बाद बिना अनुमति संचालित होनेवाले कथित झूलों और उनकी सुरक्षा व्यवस्था पर सवाल उठने लगे है. स्थानीय नागरिकों ने प्रशासन से पूरे मामले की जांच कर जिम्मेदारों के खिलाफ कार्रवाई किए जाने की मांग की है.
पुलिस बंदोबस्त की पर्यटकों और स्थानीय नागरिकों ने की प्रशंसा : इस साल सबसे सुखद बात यह रही कि, विकेंड पर इतनी भारी भीड के बावजूद चिखलदरा में पिछले साल जैसा लंबा ट्रैफिक जाम नहीं हुआ. प्रभारी थानेदार प्रवीणकुमार पाटिल स्वयं सडक पर उतरे और यातायात व्यवस्था को संभाला. पुलिस और यातायात शाखा की सतर्कता के कारण प्रमुख पर्यटन स्थलों और मुख्य मार्गों पर वाहनों की आवाजाही सुचारु बनी रही. पर्यटकों और स्थानीय नागरिकों ने पुलिस प्रशासन के बंदोबस्त की प्रशंसा की.

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