जिसे बचाने कूदे वह बचा, अन्य दो डूबे
निंभोरा खुर्द की बेंबला नदी पात्र में घटना

* समस्त गांव में शोक व्याप्त
बुलढाणा/दि.31 – जीवन और मृत्यु के बीच कई बार महीन रेखा होती है. जिसका काल आ जाता है, उसकी मृत्यु तय है और जिसकी बेला नहीं आती, वह किसी भी कारण से बच जाता है. इसका भयंकर प्रमाण बुलढाणा जिले की जलगांव जामोद तहसील अंतर्गत निंभोरा खुर्द में देखने मिला. जहां मित्र को बचाने के प्रयास में दो युवकों की डूबकर जान चली गई. मित्र बच गया. समस्त निंभोरा खुर्द ग्राम और परिसर में रविवार शाम को घटी उक्त घटना के बाद गहरा शोक देखा जा रहा है. मृतकों के नाम धीरज विजय गवई और अविनाश राजेश सावले बताए गए हैं.
* कैसे हुआ हादसा
जानकारी के अनुसार निंभोरा निवासी गजानन हरी शिरसाट के भांजे का बेटा धीरज गवई अपने चचेरे भाई संघर्ष अरुण गवई के साथ मवेशी चराने गया था. अविनाश राजेश साबले भी उनके साथ था. मवेशी को पानी पिलाने यह लोग नदी-किनारे ले गए. उस समय संघर्ष गवई नदी में डूबने लगा. उसे डूबता देख धीरज और अविनाश ने पानी में छलांग लगा दी. पानी की गहराई का दोनों को ही अंदाज न रहा. इधर संघर्ष की जान किसी तरह बच गई, किंतु उसे बचाने की कोशिश में दोनों युवकों की मृत्यु हो गई.
* गांव हुआ शोकमग्न
घटना की जानकारी रविवार दिन ढलते-ढलते सभी को हुई. जिससे समस्त गांव शोक में डूब गया. परिवार पर आए संकट से सभी आहत महसूस करने लगे. परिजनों पर मानों वज्राघात हो गया. जलगांव जामोद पुलिस ने गजानन शिरसाट की शिकायत पर बीएनएस धारा 194 अंतर्गत प्रकरण दर्ज किया है.





