हत्या के बाद आत्महत्या की सोचता रहा आरोपी आनंद भड
पुलिस ने घटनास्थल पर ले जाकर कराया ‘क्राईम सीन रिक्रिएट’

* दो साल की दोस्ती टूटने से उपजी रंजिश बनी हत्या की वजह
* गोंदिया से गिरफ्तारी के बाद जांच में सामने आए कई चौंकाने वाले तथ्य
अमरावती/दि. 7- रविनगर क्षेत्र में 19 वर्षीय कॉलेज छात्रा की हत्या के मामले में गिरफ्तार आरोपी आनंद भड को शनिवार को कड़ी सुरक्षा के बीच घटनास्थल पर ले जाकर पुलिस ने पूरी वारदात का पुनर्निर्माण (रीक्रिएशन) कराया. राजापेठ पुलिस ने आरोपी से घटनाक्रम की बारीक जानकारी लेते हुए हत्या से जुड़े महत्वपूर्ण साक्ष्य जुटाए. इस दौरान आरोपी लंगड़ाते हुए दिखाई दिया और दो पुलिसकर्मी उसे सहारा देकर घटनास्थल तक ले गए. पूरे क्षेत्र में सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए गए थे.
पुलिस जांच में सामने आया है कि आरोपी और मृतका के बीच करीब दो वर्षों से दोस्ती थी. कुछ समय पहले युवती ने उससे बातचीत बंद कर दी थी. इसी बात से नाराज होकर आरोपी लगातार उससे संपर्क करने और दबाव बनाने का प्रयास कर रहा था. जांच में यह भी सामने आया कि युवती ने आरोपी द्वारा परेशान किए जाने की जानकारी अपने दो मित्रों को दी थी. करीब 15 दिन पहले उसके एक मित्र ने आरोपी को समझाते हुए पुलिस थाने ले जाने की चेतावनी भी दी थी. उस समय आरोपी ने माफी मांगते हुए दोबारा परेशान नहीं करने का आश्वासन दिया था.
* 30 रुपये में खरीदा चाकू, घरवालों से बोला अलग-अलग बातें
पुलिस के अनुसार घटना वाले दिन आरोपी सुबह घर से लगभग 500 रुपये लेकर निकला था. उसने परिवार को कभी नौकरी की तलाश में पुणे जाने तो कभी मुर्तिजापुर के कॉलेज से बीकॉम की मार्कशीट लाने की बात कही. घर से निकलने के बाद उसने लोणी स्थित पेट्रोल पंप पर वाहन में पेट्रोल भरवाया और फिर शहर की ओर रवाना हुआ. जांच में यह भी सामने आया है कि आरोपी ने रास्ते में करीब 30 रुपये में एक किचन चाकू खरीदा था. इसके बाद वह बियाणी कॉलेज पहुंचा. वहां युवती की मोपेड दिखाई नहीं देने पर उसने एक कॉमन फ्रेंड से उसके बारे में जानकारी ली और फिर सीधे रविनगर क्षेत्र पहुंच गया. पुलिस का मानना है कि आरोपी पहले से ही वारदात की तैयारी कर चुका था.
* हत्या के बाद कुएं और रेलवे ट्रैक पर पहुंचा
वारदात को अंजाम देने के बाद आरोपी दोपहिया वाहन से फरार हो गया. जांच के दौरान उसने बताया कि घटना के बाद उसके मन में आत्महत्या का विचार आया था. वह पहले अंजनगांव बारी की दिशा में गया और रास्ते में कुएं की तलाश करता रहा. बाद में वह बडनेरा के पंच बंगला क्षेत्र में रेलवे ट्रैक तक पहुंचा और ट्रेन के सामने कूदकर जान देने की सोचने लगा. हालांकि अंतिम समय में उसकी हिम्मत जवाब दे गई और उसने आत्महत्या का विचार छोड़ दिया.
* बडनेरा थाने में बाइक खड़ी कर ट्रेन से भागा
आत्महत्या का विचार त्यागने के बाद आरोपी बडनेरा पहुंचा. उसने अपनी मोटरसाइकिल बडनेरा पुलिस स्टेशन की पार्किंग में खड़ी कर दी और वहां से ट्रेन में सवार होकर फरार हो गया. हत्या के बाद उसका मोबाइल घटनास्थल पर ही छूट गया था, जिसके कारण शुरुआती दौर में पुलिस को उसकी लोकेशन ट्रेस करने में कठिनाई हुई. पुलिस को पहले से आशंका थी कि मोबाइल साथ नहीं होने के कारण आरोपी किसी अन्य व्यक्ति के फोन से अपने परिवार से संपर्क कर सकता है. इसी को ध्यान में रखते हुए उसकी मां को सतर्क किया गया था.
* मां को किया फोन, कहा, ‘यह मेरी आखिरी कॉल है’
फरारी के दौरान आरोपी ने एक अज्ञात नंबर से पहले अपने भाई को फोन करने का प्रयास किया, लेकिन भाई ने कॉल रिसीव नहीं की. इसके बाद उसने अपनी मां से बात की. पुलिस सूत्रों के अनुसार उसने मां से कहा, मैं बिहार जा रहा हूं, यह मेरी आखिरी कॉल है. मैं 15-20 साल तक वापस नहीं आऊंगा. यह कॉल पुलिस के लिए महत्वपूर्ण सुराग साबित हुई. पुलिस ने तत्काल उस नंबर की लोकेशन ट्रेस की, जो गोंदिया में मिली.
* गोंदिया रेलवे पुलिस ने किया गिरफ्तार
राजापेठ पुलिस ने तुरंत गोंदिया रेलवे पुलिस से संपर्क किया. इसके बाद गोंदिया रेलवे पुलिस ने कार्रवाई करते हुए आरोपी को हिरासत में लिया और बाद में अमरावती पुलिस के हवाले कर दिया. शनिवार को मजिस्ट्रेट की मौजूदगी में बडनेरा पुलिस स्टेशन की पार्किंग से आरोपी की मोटरसाइकिल भी जब्त कर ली गई.
* पुलिस आयुक्त ओला ने स्वयं की पूछताछ
मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस आयुक्त राकेश ओला और पुलिस उपायुक्त श्याम घुगे ने राजापेठ पुलिस थाने पहुंचकर आरोपी से विस्तृत पूछताछ की. इसके बाद राजापेठ थाने के पुलिस निरीक्षक संदीप चव्हाण आरोपी को उसके पैतृक गांव माना-पोही (तहसील मुर्तिजापुर) लेकर गए. वहां उसके परिजनों के बयान दर्ज किए गए तथा आरोपी द्वारा दी गई जानकारी का सत्यापन किया गया.
* घटनास्थल पर कराया गया रीक्रिएशन
शनिवार को पुलिस ने आरोपी को रविनगर स्थित घटनास्थल पर ले जाकर पूरी वारदात का क्रम दोबारा समझा. आरोपी से पूछा गया कि वह किस रास्ते से आया, कैसे घटना को अंजाम दिया और उसके बाद कहां-कहां गया. पुलिस इस दौरान मिले तथ्यों का तकनीकी साक्ष्यों और अन्य सबूतों से मिलान कर रही है. पुलिस अब हत्या में प्रयुक्त चाकू सहित अन्य महत्वपूर्ण साक्ष्यों की तलाश कर रही है. जांच अधिकारियों का कहना है कि आरोपी के बयान, घटनास्थल पर कराए गए पुनर्निर्माण, सीसीटीवी फुटेज, तकनीकी साक्ष्य और गवाहों के बयानों के आधार पर मामले की जांच अंतिम चरण की ओर बढ़ रही है. यह पूरा घटनाक्रम एकतरफा जुनून, अस्वीकृति को स्वीकार न कर पाने की मानसिकता और उसके दुखद परिणाम की गंभीर तस्वीर सामने लाता है.





