नीट पुनर्परीक्षा को लेकर अमरावती हाई अलर्ट पर
21 जून को शहर के 14 केंद्रों पर होगी परीक्षा

* 4700 से अधिक अभ्यर्थियों पर रहेगी कड़ी निगरानी
* पहली बार कोषागार से कैश वैन में केन्द्र तक पहुंचेंगे प्रश्नपत्र
* कल शाम से ही परीक्षा केन्द्रों के चारों ओर पुलिस का रहेगा सुरक्षा घेरा
* परीक्षा ड्यूटी हेतु 20 पीएसआय व 120 पुलिसकर्मियों की तैनाती
* परीक्षा केन्द्रों पर डॉक्टर, स्वास्थ्यकर्मी, बिजली विभाग के इंजीनियर और 1600 कर्मियों का अमला रहेगा तैनात
अमरावती/दि.19 – राष्ट्रीय पात्रता सह प्रवेश परीक्षा (नीट) की पुनर्परीक्षा को लेकर अमरावती जिला प्रशासन पूरी तरह अलर्ट मोड पर आ गया है. परसों रविवार 21 जून को होने वाली इस महत्वपूर्ण परीक्षा के लिए सुरक्षा, गोपनीयता और व्यवस्थाओं को लेकर अभूतपूर्व इंतजाम किए गए हैं. प्रश्नपत्रों के सुरक्षित परिवहन से लेकर परीक्षा केंद्रों की निगरानी तक बहुस्तरीय व्यवस्था लागू की गई है. प्रशासन का स्पष्ट लक्ष्य है कि परीक्षा पूरी तरह पारदर्शी, शांतिपूर्ण और नकलमुक्त वातावरण में संपन्न हो. जिसके लिए गत रोज ही जिलाधीश आशीष येरेकर की अध्यक्षता के तहत पूर्व तैयारियों का जायजा लेने हेतु एक समीक्षा बैठक बुलाई गई थी. जिसमें शहर पुलिस आयुक्त राकेश ओला, जिला शल्य चिकित्सक डॉ. विनोद पवार एवं एनटीए के जिला समन्वयक संजय इसवनकर सहित महावितरण के वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित थे.
बता दें कि परसों रविवार 21 जून को होने जा रही नीट की पुनर्परीक्षा हेतु शहर के 14 अलग- अलग महाविद्यालयों में परीक्षा केन्द्र बनाए गये है. जिनमें नरसम्मा हिरैया महाविद्यालय, भारतीय महाविद्यालय, केएन कॉलेज, बियाणी कॉलेज, शिवाजी साइंस महा., स्कूल ऑफ स्कॉलर्स, पोटे कॉलेज, शिवाजी कला व वाणिज्य महा. व समर्थ कनिष्ठ महा. आदि का समावेश है. इन 14 परीक्षा केंद्रों पर लगभग 4700 विद्यार्थी परीक्षा में शामिल होंगे. इनमें कुछ नए अभ्यर्थी भी शामिल हैं, जबकि कुछ विद्यार्थियों ने नीट की पिछली परीक्षा का पेपर लीक होने के बाद वैकल्पिक शैक्षणिक रास्ता चुनते हुए नीट की पुनर्परीक्षा से दूरी बना ली है. इसके बावजूद परीक्षा को लेकर विद्यार्थियों और अभिभावकों में विशेष उत्सुकता देखी जा रही है.
* कोषागार से सीधे केंद्रों तक पहुंचेगा प्रश्नपत्र
विशेष उल्लेखनीय है कि नीट परीक्षा की संवेदनशीलता को देखते हुए प्रश्नपत्रों की सुरक्षा के लिए विशेष प्रोटोकॉल तैयार किया गया है. जिसके तहत पहली बार नीट के प्रश्नों पत्रों को वायुसेना के विमानों से देश के अलग- अलग हिस्से में भेजा गया था और दो दिन पहले ही वायुसेना का विशेष हैलीकॉप्टर अमरावती शहर व जिले के लिए नीट के प्रश्नपत्रों की खेप लेकर बेलोरा स्थित अमरावती विमानतल पर उतरा था. यहां से प्रश्नपत्रों की खेप को कडी सुरक्षा के बीच जिला कोषागाार में लॉकर सुरक्षित ढंग से रखा गया था और अब जिला कोषागार में सुरक्षित रखे गए प्रश्नपत्र परीक्षा के दिन संबंधित केंद्र अधीक्षकों को सौंपे जाएंगे. प्रत्येक केंद्र अधीक्षक स्वयं कोषागार पहुंचकर प्रश्नपत्र अपने कब्जे में लेंगे और फिर उन्हें विभिन्न बैंकों की 16 से 17 कैश वैन के माध्यम से कड़ी सुरक्षा में परीक्षा केंद्रों तक पहुंचाया जाएगा. खास बात यह भी है कि नीट की परीक्षा हेतु पहली बार अलग-अलग बैंकों की 16 से 17 कैश वैन अधिगृहित की गई है. जिनका उपयोग प्रश्नपत्रों को जिला कोषाागार स परीक्षा केन्द्रों तमक पहुंचाने के लिए किया जायेगा्. यह पूरी प्रक्रिया प्रशासन और पुलिस की निगरानी में संपन्न होगी, ताकि किसी भी प्रकार की गड़बड़ी या लापरवाही की संभावना न रहे.
* परीक्षा केंद्रों पर रहेगा पुलिस का अभेद्य सुरक्षा कवच
परीक्षा के दौरान किसी भी प्रकार की अवांछित गतिविधि को रोकने के लिए पुलिस विभाग ने व्यापक सुरक्षा योजना तैयार की है. लगभग 19 से 20 पुलिस उपनिरीक्षक (पीएसआई) तथा 120 से अधिक पुलिसकर्मियों को विभिन्न केंद्रों पर तैनात किया जाएगा. विशेष बात यह है कि परीक्षा शुरू होने से एक दिन पहले यानी 20 जून की शाम से ही सभी परीक्षा केंद्र पुलिस सुरक्षा के साये में आ जाएंगे. केंद्रों के आसपास संदिग्ध गतिविधियों पर नजर रखने के लिए विशेष गश्ती दल भी सक्रिय रहेंगे. परीक्षा केंद्रों में केवल परीक्षार्थियों और अधिकृत कर्मचारियों को ही प्रवेश मिलेगा. अभिभावकों तथा अन्य व्यक्तियों को केंद्र परिसर से निर्धारित दूरी पर ही रुकना होगा.
* हर 30 विद्यार्थियों पर एक पर्यवेक्षक की नजर
राष्ट्रीय परीक्षा एजेंसी (एनटीए) ने परीक्षा की पारदर्शिता बनाए रखने के लिए करीब 1600 अधिकारियों, कर्मचारियों और पर्यवेक्षकों की नियुक्ति की है. प्रत्येक 30 विद्यार्थियों पर एक पर्यवेक्षक तैनात रहेगा, जो परीक्षा कक्ष की गतिविधियों पर लगातार नजर रखेगा. इसके अलावा केंद्र अधीक्षक, उड़नदस्ते और विशेष निरीक्षण दल भी परीक्षा प्रक्रिया की निगरानी करेंगे. किसी भी प्रकार की अनियमितता पाए जाने पर तत्काल कार्रवाई की जाएगी.
* स्वास्थ्य विभाग भी पूरी तरह तैयार
गर्मी और संभावित स्वास्थ्य समस्याओं को देखते हुए प्रत्येक परीक्षा केंद्र पर एक चिकित्सक तथा दो स्वास्थ्यकर्मियों की नियुक्ति की गई है. परीक्षा के दौरान किसी विद्यार्थी की तबीयत बिगड़ने या अन्य आपात स्थिति उत्पन्न होने पर तत्काल चिकित्सा सहायता उपलब्ध कराई जाएगी. स्वास्थ्य विभाग ने सभी केंद्रों पर प्राथमिक उपचार की आवश्यक सामग्री उपलब्ध कराने के निर्देश दिए हैं.
* बिजली बाधित न हो, इसके लिए विशेष इंतजाम
परीक्षा के दौरान निर्बाध विद्युत आपूर्ति सुनिश्चित करने के लिए महावितरण को विशेष जिम्मेदारी सौंपी गई है. प्रत्येक परीक्षा केंद्र पर एक कनिष्ठ अभियंता और एक विद्युत सहायक की नियुक्ति की जाएगी. अधिकारियों को परीक्षा अवधि के दौरान सतर्क रहने तथा किसी भी तकनीकी खराबी की स्थिति में तत्काल समाधान सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए हैं.
* 11 बजे से शुरू होगी प्रवेश प्रक्रिया
परीक्षार्थियों को सुबह 11 बजे से दोपहर 1.30 बजे तक परीक्षा केंद्रों में प्रवेश दिया जाएगा. इसके बाद किसी भी विद्यार्थी को केंद्र में प्रवेश नहीं मिलेगा. परीक्षा दोपहर 2 बजे से शाम 5 बजे तक आयोजित की जाएगी. प्रशासन ने अभ्यर्थियों को समय से पहले केंद्र पहुंचने, प्रवेश पत्र और पहचान पत्र साथ रखने तथा परीक्षा संबंधी सभी दिशा-निर्देशों का पालन करने की सलाह दी है.
जिलाधीश ने ली तैयारियों की उच्चस्तरीय समीक्षा बैठक
परीक्षा की तैयारियों को अंतिम रूप देने के लिए जिलाधीश सौरभ येरेकर ने संबंधित विभागों की उच्चस्तरीय बैठक आयोजित की. इस बैठक में सुरक्षा, यातायात, स्वास्थ्य सेवाएं, प्रश्नपत्रों का सुरक्षित परिवहन, विद्युत आपूर्ति और परीक्षा संचालन से जुड़े सभी पहलुओं की विस्तृत समीक्षा की गई. जिलाधीश ने सभी विभागों को आपसी समन्वय के साथ कार्य करने और किसी भी स्थिति से निपटने के लिए तैयार रहने के निर्देश दिए.
* देश की सबसे महत्वपूर्ण परीक्षाओं में से एक
बता दे कि नीट देशभर में मेडिकल और डेंटल पाठ्यक्रमों में प्रवेश का प्रमुख माध्यम है. ऐसे में इसकी निष्पक्षता और विश्वसनीयता बनाए रखना प्रशासन के लिए बड़ी जिम्मेदारी माना जा रहा है. अमरावती में भी प्रशासन इस परीक्षा को लेकर किसी प्रकार का जोखिम लेने के मूड में नहीं दिख रहा है. एनटीए के जिला समन्वयक संजय इसवनकर ने बताया कि परीक्षा को पूरी तरह पारदर्शी, सुरक्षित और व्यवस्थित ढंग से संपन्न कराने के लिए सभी आवश्यक तैयारियां पूरी कर ली गई हैं. उन्होंने अभ्यर्थियों से अपील की कि वे अफवाहों पर ध्यान न दें और निर्धारित समय से पहले परीक्षा केंद्र पहुंचकर शांतिपूर्ण वातावरण में परीक्षा दें. कुल मिलाकर 21 जून को अमरावती में केवल एक परीक्षा नहीं, बल्कि प्रशासनिक समन्वय, सुरक्षा प्रबंधन और गोपनीयता की भी बड़ी परीक्षा होने जा रही है, जिसकी सफलता पर हजारों विद्यार्थियों के भविष्य की उम्मीदें टिकी हैं.