बोरगांव मंजू हत्याकांड का 12 घंटे में पर्दाफाश
अकोला अपराध शाखा के दल ने आरोपी को यवतमाल से दबोचा

अकोला/दि.23- बोरगांव मंजू थाना क्षेत्र में घटित हत्याकांड का पर्दाफाश करते हुए अकोला अपराध शाखा के दल ने 12 घंटे के भीतर आरोपी को गिरफ्तार कर लिया है. एलसीबी के दल ने हत्या के आरोपी पडोस में रहने वाले युवक को यवतमाल से दबोच लिया. प्रारंभिक जांच में सामने आया कि, आरोपी ने अपनी पत्नी और मृतक के बीच कथित अवैध संबंधों के संदेह में इस वारदात को अंजाम दिया. गिरफ्तार आरोपी का नाम यवतमाल निवासी युवराज शंकर तांगडे है.
22 मई को बोदखेड शिवार स्थित रेल्वे अंडरपास के पास एक अज्ञात युवक का शव बरामद हुआ था. शव की हालत बेहद भयावह थी. मृतक के शरीर पर केवल पैंट थी. टी-शर्ट गले में लिपटी हुई थी और पहचान छिपाने के लिए चेहरे को पत्थर से कूचल दिया गया था. मामले में बोरगांव मंजू थाने में अज्ञात आरोपी के खिलाफ हत्या का मामला दर्ज किया गया था. जांच के दौरान अकोला अपराध शाखा ने आसपास के जिलों में दर्ज गुमशुदगी की रिपोर्ट खंगाली. इसी दौरान सूचना मिली कि, विक्की उर्फ बबलू राजू भेंडे (19) नामक युवक 21 मई की रात से लापता है. बाद में शव की पहचान गुरुनानक नगर गोधनी रोड यवतमाल निवासी विक्की के रुप में हुई. तकनीकी जांच और पूछातछ में पुलिस को मृतक के पडोसी युवराज शंकर तांगडे पर संदेह हुआ. अकोला एलसीबी ने यवतमाल पुलिस की मदद से आरोपी को कब्जे में लिया. पूछाताछ में आरोपी ने स्वीकार किया कि, उसे अपनी पत्नी और विक्की के बीच संबंध होने का संदेह था. इसी वजह से उसने पत्थर से कूचलकर युवक की हत्या कर दी. यह कार्रवाई जिला पुलिस अधीक्षक अर्चित चांडक, अपर पुलिस अधीक्षक बी. चंद्रकांत रेड्डी के मार्गदर्शन में की गई. इस कार्रवाई में निरीक्षक शंकर शेलके समेत एलसीबी के दल ने महत्वपूर्ण भूमिका निभाई.





