रविकांत तुपकर के अन्नत्याग आंदोलन ने पकड़ा उग्र रूप
बुलढाणा और जाफराबाद में आगजनी की घटनाएं

बुलढाणा /दि.20– किसान नेता रविकांत तुपकर के अन्नत्याग आंदोलन ने अब उग्र रूप धारण कर लिया है. आंदोलन के दौरान बुलढाणा और जालना जिलों में आगजनी की घटनाएं सामने आने के बाद प्रशासन की चिंता बढ़ गई है. आंदोलन के पांचवें दिन शुक्रवार को रविकांत तुपकर की तबीयत भी बिगड़ने की खबर है, जिससे किसानों और समर्थकों में आक्रोश बढ़ गया है.
जानकारी के अनुसार, बुलढाणा जिले के चिखली तहसील के उदयनगर में खड़ी एक एसटी बस को आग लगाने का प्रयास किया गया. बताया जा रहा है कि अज्ञात आंदोलनकारियों ने बस के टायरों पर ज्वलनशील पदार्थ डालकर उन्हें जलाने की कोशिश की. यह बस चिखली-खामगांव मार्ग पर रात के समय खड़ी थी. वहीं जालना जिले के सीमावर्ती क्षेत्र जाफराबाद में लोकनिर्माण विभाग के कार्यालय में आगजनी की घटना सामने आई है. प्राथमिक जानकारी के मुताबिक, देर रात अज्ञात लोगों ने कार्यालय को आग के हवाले कर दिया. घटना का वीडियो भी सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है. इस घटना के बाद प्रशासनिक महकमे में हड़कंप मच गया है. रविकांत तुपकर का अन्नत्याग आंदोलन 15 जून से जारी है और शुक्रवार को इसका पांचवां दिन था. बताया जा रहा है कि इस दौरान उन्होंने अन्न का सेवन नहीं किया है, जिससे उनकी सेहत लगातार बिगड़ रही है. चिकित्सकीय जानकारी के अनुसार उनके शरीर में संक्रमण बढ़ गया है, सफेद रक्त कोशिकाओं की संख्या बढ़ी है तथा शुगर स्तर सामान्य से नीचे चला गया है.
सरकार की ओर से आंदोलन की मांगों पर ठोस प्रतिक्रिया नहीं मिलने से किसानों में नाराजगी बढ़ती जा रही है. राज्य के विभिन्न हिस्सों में रास्ता रोको, जलसमाधि, आत्मदाह की चेतावनी तथा सरकारी संपत्तियों को नुकसान पहुंचाने जैसी घटनाएं सामने आ रही हैं. प्रशासन ने लोगों से शांति बनाए रखने की अपील की है, जबकि आंदोलनकारी सरकार से तत्काल हस्तक्षेप कर किसानों की मांगों पर निर्णय लेने की मांग कर रहे हैं. आंदोलन की स्थिति को देखते हुए आने वाले दिनों में तनाव और बढ़ने की आशंका जताई जा रही है.





